
अपहरण व लूट के बाद दिल्ली में नौ लाख में बेचे थे दो बिट कॉइन
जोधपुर.
मेडिकल कॉलेज रोड पर कार में हमला करके सॉफ्टवेयर इंजीनियर का अपहरण कर बिट कॉइन व रुपए-जेवर लूट मामले में शास्त्रीनगर थाना पुलिस ने मंगलवार को गुजरात के सीलवा से गैंग के तकनीकी विशेषज्ञ को गिरफ्तार किया। आरोपी ने ही गैंग के दूसरे बदमाशों को सॉफ्टवेयर इंजीनियर के पास बिट कॉइन होने और अपहरण के बाद बिट कॉइन खाते में ट्रांसफर कराए थे।
थानाधिकारी रमेश कुमार शर्मा के अनुसार प्रकरण में मूलत: बाड़मेर जिले में सिवाणा थानान्तर्गत पादरली कला हाल सिवांची गेट निवासी नरपत सिंह भायल (२५) पुत्र डूंगर सिंह को गिरफ्तार किया गया है। उसके पिता गुजरात के सीलवा में किराणे की दुकान चलाते हैं। उसके वहां छुपे होने की सूचना पर उप निरीक्षक अनिल विश्नोई व तुलसी, हेड कांस्टेबल पेमाराम व कांस्टेबल दौलाराम व महेन्द्र ने दबिश देकर सीलवा से उसे पकड़ लिया। प्रारम्भिक पूछताछ के बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
आनंद सिंह का अपहरण और बिट कॉइन लूटने के बाद आरोपी नरपत सिंह, सहीराम व दो-तीन अन्य दिल्ली चले गए थे, जहां उन्होंने दोनों बिट कॉइन साढ़े आठ-नौ लाख रुपए में बेच दिए थे और रुपए आपसी में बांट लिए थे। फिर नरपत सिंह सीलवा चला गया था।
इस मामले में पूर्व में गिरफ्तार रमेश बेनीवाल व अशोक खींचड़ को न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया है। जबकि अनिल खिलेरी व पर्वत सिंह की रिमाण्ड अवधि एक बार फिर बढ़ाई गई है।
न सिर्फ सूचना दी, बल्कि खाते में ट्रांसफर भी कराए
एसआई अनिल का कहना है कि आरोपी नरपत सिंह गैंग का तकनीकी विशेषज्ञ है। वह प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहा है। उसने भी बिट कॉइन में निवेश कर रखा है। एेसे में उसे बिट कॉइन में निवेश करने वालों की पूरी जानकारी है। आनंद सिंह के बारे में भी उसने पर्वत सिंह व अन्य निवेशकर्ताओं के बारे में जानकारी दी थी। गत ११ अक्टूबर को सॉफ्टवेयर इंजीनियर आनंद सिंह के अपहरण के बाद उसके मोबाइल से दो बिट कॉइन अपने खाते में ट्रांसफर करा लिए थे। उसके पास दो बिट कॉइन ही थे। जबकि आरोपियों को अधिक की उम्मीद थी।
Updated on:
31 Oct 2018 12:26 am
Published on:
31 Oct 2018 12:26 am
