
देश के पहले कर्नल ‘जैग’ कपल बने अमित व अनु
जोधपुर. भारतीय सेना की लीगल ब्रांच जज एडवोकेट जनरल (जैग) में कार्यरत कर्नल अमित कुमार और लेफ्टिनेंट कर्नल अनु डोगरा जल्द ही देश के पहले कर्नल जैग कपल बन जाएंगे। आर्मी हैडक्वार्टर ने अनु के कर्नल रैंक पर पदोन्नति को हरी झंडी दे दी है। लखनऊ निवासी अमित व अनु अभी जोधपुर स्थित आर्मी की कोणार्क कोर में पदस्थापित हैं। दावा किया जा रहा है कि अभी विश्व की समस्त सेनाओं की जैग ब्रांच में अमित व अनु सीनियर कपल है।
लखनऊ में डालीगंज निवासी अमित ने शिया पीजी कॉलेज से विधि में स्नातक की है। सेना की सिक्ख इंफेंट्री में सीधी भर्ती से साल 2000 में केरियर शुरू करने वाले अमित बाद में ‘जैग’ ब्रांच में चले गए। हिमालच प्रदेश के कोसरी गांव निवासी अनु ने पुणे स्थित सिमबायोसिस कॉलेज से विधि में स्नातक की। वे 2004 में सेना में शामिल हुईं। अमित व अनु ने 2008 में शादी की। उस समय वे देश के पहले जैग कपल बने थे।
अफस्पा से मेजर आदित्य तक का पक्ष रखा मजबूती से
कर्नल अमित को आर्मी के कानूनी पक्ष को मजबूती से रखने के लिए एटोर्नी जनरल ऑफ इंडिया मुकुल रोहतगी से सम्मान पत्र प्राप्त हो चुका है। उन्होंने जम्मू-कश्मीर के शोपियां में मेजर आदित्य के मामले की बेहतरीन ड्राफ्टिंग की। इसके अलावा अफस्पा कानून के अंतर्गत 356 सैन्यकर्मियों का पक्ष भी बखूबी रखा।
छाए थे सोशल मीडिया पर
अमित-अनु की जोड़ी पिछले साल फरवरी में अपने एक फोटो के कारण सोशल मीडिया पर छाई रही थी। जोधपुर पुलिस कमिश्नरेट के एक कांस्टेबल ने सोशियल मीडिया पर यह फोटो पोस्ट की थी। इसमें अमित व अनु के साथ उनके बेटे के भी हेलमेट लगा हुआ था। कांस्टेबल ने बगैर नाम-पता पूछे जोधपुर के लोगों को ट्रेफिक सेंस की मिसाल देने के लिए मोबाइल से खींचा यह फोटो पोस्ट किया था।
क्या है ‘जैग’
सशस्त्र सेनाओं में कानूनी कार्रवाईयां ‘जैग’ ब्रांच हैंडल करती हैं। इसमें कार्यरत सैन्याधिकारी जज इन यूनीफॉर्म होते हैं। ये चार्जेज, चार्जशीट आदि वे सभी काम देखते हैं। जैग एक तरह से आर्मी ज्यूडीशियल सर्विसेज का काम करती है।
Published on:
08 Mar 2020 11:55 pm
