जोधपुर

राजस्थान में है ऐसा कुंड जहां नहाने से लौट आती है नेत्रहीनों की भी रोशनी, जाने क्या है इस चमत्कारिक कुंड का रहस्य

राजस्थान के जोधपुर जिले में एक ऐसा कुंड है जिसमे नहाने से आंखों की रोशनी लौट आती है।

2 min read
Apr 02, 2018
Mistery of Spiritual pond in jodhpur

जयपुर।

राजस्थान के जोधपुर जिले में एक ऐसा कुंड है जिसमे नहाने से आंखों की रोशनी लौट आती है। जोधपुर के मसूरिया नामक स्थान के पास स्थित है लोक देवता रामदेव बाबा का मंदिर। कहां जाता है की इसी मंदिर के बीच में एक कुंड परचा नाडी बना हुआ है। जिसमें नहाने से आंखों की रोशनी आ जाती है।

ये भी पढ़ें

आखिर स्कूलों में कैसे चलाएं आंगनबाड़ी पाठशाला

बता दें कि आजकल आंखों की समस्या बहुत तेज़ी से बढ़ रही है। मोबाइल कंप्यूटर के बढ़ते उपयोग के कारण खासतौर पर छोटे -छोटे बच्चों की आखों की रौशनी छिनती जा रही है। कई बार डॉक्टर्स से इलाज कराने के बावजूद भी आखों की रोशनी वापस नहीं आती हैं। लेकिन जोधपुर में स्थित इस कुंड को लेकर लोगों की मान्यता है की इसमें डुबकी लगाने से नेत्रहीन तक की आखों की रोशनी ठीक हो जाती हैं। इसके अलावा यह भी कहा जाता है की इस कुंड में नहाने वाले की सारी बीमारियां ठीक हो जाती है साथ ही उनपर से बुरी आत्माओ का साया भी हट जाता है।

कुंड का जल बोतल में भरकर ले जाते हैं लोग

इस कुंड के चमत्कार के मान्यता के चलते ही लोग इस कुंड का जल बोतल में भरकर ले जाते हैं। ताकि किसी भी प्रकार की समस्या होने पर इस चमत्कारी जल से उस समस्या को दूर कर सके। लोगों का कहना है की दूर - दूर से लोग अपनी आखों की दिक्कत से निजात पाने के लिए यहां आते हैं।

ये है कुंड का वैज्ञानिक कारण

दरअसल इस नाडी के आस पास पक्षियों का घना डेरा हुआ करता था। इनका मल पानी में मिलकर पानी को रसायनों से युक्त कर देता था। ये रसायन चर्म रोगों का दूर करने में कारगर होते हैं। इसीलिए इस नाडी के पानी में नहाने वाले के चर्म रोग दूर हो जाया करते थे और वे स्वास्थ्य लाभ प्राप्त करते थे। हालांकि पक्षियों की संख्या कम होने और निरंतर बढ़ रहे प्रदूषण के कारण अब इस नाडी का पानी उतना कारगर नहीं रह गया है।

ये भी पढ़ें

तो इस लिए मनाया जाता है April Fool Day, जानें क्या है मूर्ख दिवस मनाने का कारण

Published on:
02 Apr 2018 06:30 am
Also Read
View All

अगली खबर