जोधपुर

शहर की सरकार ने एक फैसले से खुल जाएगी हजारों परिवारों की किस्मत, जानिए कैसे

अभी सरकारी जमीन पर बसी आबादी का नियमन 30 फुट सड़क होने पर ही किया जाता है। इससे कई स्थानों पर पट्टे देने में समस्या आ रही है।

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May 26, 2023

सौरभ पुरोहित, जोधपुर। चुनावी साल में सरकारी भूमि पर बसी बस्तियों के नियमन की शर्तों में शिथिलता देने की तैयारी है। जोधपुर का नगर निगम उत्तर इस बारे में प्रस्ताव तैयार कर रहा है। इसमें 20 फुट की सड़क होने पर भी नियमन करने का प्रावधान शामिल है। अभी तक यह शर्त 30 फुट सड़क की है। निगम यह प्रस्ताव अब सरकार को भेजेगा। सूत्रों ने बताया कि इस बारे में गुरूवार को मुख्यमंत्री के विशेषाधिकारी महिपाल भारद्वाज ने नगर निगम कार्यालय पहुंचकर अधिकारियों की बैठक भी ली। बैठक में महापौर कुंती परिहार और राज्य पशुधन आयोग के अध्यक्ष राजेंद्र सोलंकी ने इसकी सहमति जताई।


ये बस्तियां हो सकेंगे नियमित

फिलहाल शहर में प्रमुख तौर जगदम्बा कॉलोनी, अंबेडकर नगर, काली बेरी, मदेरणा कॉलोनी, मगरा पूंजला आदि की आबादी सरकारी भूमि पर बसी है। नए प्रस्ताव के मंजूर होने से इन बस्तियों का नियमन हो सकेगा।

हजारों की आबादी को फायदा

बैठक में इस बात पर चर्चा हुई कि अभी सरकारी जमीन पर बसी आबादी का नियमन 30 फुट सड़क होने पर ही किया जाता है। इससे कई स्थानों पर पट्टे देने में समस्या आ रही है। अब यदि नगर निगम उत्तर का 20 फुट सड़क पर पट्टे देने का प्रस्ताव मंजूर होता है तो जोधपुर शहर की करीब 200 बस्तियों में रह रही करीब 4 हजार लोगों की आबादी को अपने घर का अधिकार मिल जाएगा।

Published on:
26 May 2023 01:18 pm
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