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साधारण रहने-सहन वाले कुरैशी निकले अरबपति, आईटी की रेड के बाद निकली करोड़ों की संपत्ति

मीट कारोबारी सलीम कुरैशी आईटी की नजर से बचने के लिए अपना हुलिया और रहन-सहन साधरण रखा हुआ था।

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कानपुर. मीट कारोबारी सलीम कुरैशी आईटी की नजर से बचने के लिए अपना हुलिया और रहन-सहन साधरण रखा हुआ था। लेकिन नोटबंदी के बाद इन्होंने बैंकों से बड़े पैमाने पर नोट जमा करवाए और इसी के चलते कुरैशी आईटी की रडार पर चढ़ गए। बुधवार को आईटी के करीब दौ अफसरों ने इनके घर, फैक्ट्री, सहित 19 ठिकनों पर रेड मारा, जहां से आईटी को बड़े पैमाने पर टैक्स चेरी के साथ करोड़ों की बेनामी संपत्ति के दस्तावेज हाथ लगे हैं। आईटी की कार्रवाई देर रात तक जारी है। जिस वक्त छापेमारी की कार्रवाई हुई उस वक्त कुरैशी कानपुर मे बजाय लखनऊ में थे। इनके पास कानपुर और उन्नाव बेल्ट में कई स्लाटर हाउस हैं। यहां कई बड़े और अत्याधुनिक स्लाटर हाउस भी हैं, जो मीट को बड़े पैमाने पर निर्यात करते हैं।


200 अफसरों ने की छापेमारी
प्रधान आयकर निदेशक जांच अमरेन्द्र कुमार के निर्देश पर आईटी विभाग के दो सौ से ज्यादा अफसरों की टीमों ने रूस्तक ग्रुप के मालिक सलीम कुरैशी के घर, फैक्ट्रियों, ऑफिस और घरों पर एकसाथ रेड मारी। कानपुर के आवास पर आईटी की टीम ने पहुंचते ही घर के अंदर मौजूद अन्य लोगों के मोबाइल सहित लॉकरो की चाभी मांगी। आईटी के रेड की जानकारी मिलते परिजनों में हड़कंप मच गया। आईटी की यह कार्रवाई कानपुर के अलावा, उन्नाव, लखनऊ और हापुड़ के ऑफिसों, फक्ट्रियों और अवासों पर हुई। आईटी विभाग की मानें तो रूस्तक ग्रुप के मालिक ने इनकम टैक्स के नाम पर करोड़ों की कर चोरी की है। साथ ही इनके पास बेनामी संपत्तियों के दस्तावेज भी मिले हैं। आईटी के अफसरों ने घर व ऑफिसों से लैपटॉप व अन्य कागजात जब्त कर लिए है। आईटी सेल के अफसरों की माने तो सलीम कुरैशी का सलाना एक हजार का कारोबार है।


जाजमऊ और उन्नाव में कई स्लाटर हाउस
सलीम कुरैशी के पड़ोसी भी नहीं जानते थे कि वह अरबपति हैं। कुरैशी के साथ ही उनका परिवार एक मध्यम वर्ग परिवार की तरह रहता था। सलीम कार के बजाय रिक्शे या ऑटो से अपने ऑफिस जाया करते थे। इनके पास कानपुर के जाजमऊ और उन्नाव में आधा दर्जन से ज्यादा स्लाटरहाउस हैं, जो मीट को बड़े पैमाने पर निर्यात करते हैं। बावजूद कुरैशी इनकम टैक्स अदायगी बहुत कम करते थे। लेकिन नोटबंदी के दौरान इनके बैंक खातों में एकाएक पैसे करोड़ों में आ गए। उस दौरान खातों में जमा मोटी रकम के बाद लगातार उनके वित्तीय लेनदेन पर आईटी ने नजर अड़ा दी। आईटी के खूफिया विभाग के अफसरों ने जांच-पड़ताल पर बड़े पैमाने पर इनके पास रूपए औा सम्पत्ति की जानकारी प्रधान आयकर निदेशक जांच अमरेन्द्र कुमार को दी। निदेशक ने बुधवार को रेड करने का आदेश दे दिया।


19 ठिकानों पर छापेमारी, मिली करोड़ों की हेराफेरी
आईटी ने रूस्तम ग्रुप समूह के छह शहरों के 19 परिसरों को जांच की जद में लिया गया। इसमें एक झांसी, कानपुर-उन्नाव में तीन-तीन, मुंबई में 4 , लखनऊ में 6 और हापुड़ में 2 परिसर हैं। समूह का अत्याधुनिक स्लाटर हाउस और प्रोसेसिंग हाउस है, जिसमें बड़े जानवर काटे जाते हैं। सलीम कुरैशी के कई घर कानपुर के जाजमऊ, लखनऊ के अलावा मुंबई में भी हैं। छापेमारी के दौरान आयकर विभाग को वह लखनऊ स्थित अपने आवास पर मिले। इस कार्रवाई में कानपुर के अलावा कई शहरों की टीमें टैक्स चोरी के दस्तावेज खंगाल रहीं हैं। हजारों दस्तावेज, प्रपत्रों के अलावा कंप्यूटर डाटा सीज किया गया है। उनकी जांच की जा रही है। सूत्रों के मुताबिक आयकर रिटर्न की जांच में भारी गड़बड़ी मिली है। करोड़ों रुपए की टैक्स चोरी पकड़े जाने की आशंका है।