हिण्डौनसिटी. करीब सात माह से आधा अधूरा संचालित हो रहा सरस डेयरी प्लांट नए साल में पूरी तरह शुरू होने की बजाय ठप हो गया है। नव वर्ष के पहले दिन से डेयरी संघ ने महिला दुग्ध उत्पादक सहकारी समितियों से दूध लेना बंद कर दिया है। साथ ही समितियों का गंगापुरसिटी में संकलन केन्द्र पर दूध की आपूर्ति देने को कहा गया है। ऐसे में दो दिन से हिण्डौन डेयरी प्लांट में दूध की आवक थमने के साथ अवशीतलन की मशीनें बंद हो गई हैं। और कार्मिकों को भी हटा दिया गया है।
दरअसल वर्ष 2013 से शहर में सवाईमाधोपुर व करौली जिले के संयुक्त डेयरी संघ का एक प्लांट संचालित है। गत वर्ष 22 मई को डेयरी प्लांट का कम्प्रेशर खराब होने से दूध का अवशीतलन ,पैकिंग सहित दुग्ध प्रसंस्करण कार्य बंद हो गए। कई माह बाद एक कम्प्रेशर की मरम्मत करवा अक्टूबर माह के दूसरे सप्ताह में डेयरी में दूध का संकलन और अवशीतलन कार्य शुरू हुआ। इस बीच बॉयलर में खामी आने पर डेयरी प्लांट को पाश्चुरीकरण व सेपरेटा प्रक्रिया के बिना महज अवशीतलन के लिए संचालित रहा। दिसम्बर माह में दूध का संकलन 5-7 हजार लीटर प्रति दिन पहुंच गया। प्लांट से भीलवाड़ा डेयरी में दूध भेजने से सवाई माधोपुर डेयरी संघ का लाभ में इजाफा हुआ। डेयरी प्लांट के दूध से लबालब रहने से दुग्ध उत्पादक समितियों के सदस्यों को भी नए वर्ष में प्लांट में सुचारू होने की आस बंधी थी।, लेकिन बीते वर्ष के अंतिम दिन 31 दिसम्बर को डेयरी संघ के प्रबंध संचालक ने हिण्डौन प्लांट में तुरंत प्रभाव से दूध संकलन बंद करने के आदेश जारी कर दिए। ऐसे में बुधवार को दूध लेकर डेयरी प्लांट पहुंचे दुग्ध समिति के सचिवों को गंगापुरसिटी जाना पड़ा। एकाएक हिण्डौन प्लांट के बंद होने पर क्षेत्र कर दुग्ध उत्पादक सहकारी समितियों में नाराजगी है।
डेयरी प्लांट पर सिर्फ गार्ड तैनात
करौली रोड स्थित सरस डेयरी प्लांट पर अब सुरक्षा की दृष्टि से केवल गार्ड तैनात हैं। सवाई माधोपुर-करौली जिला दुग्ध उत्पादक संघ ने प्लांट बंद होने पर यहां कार्यरत सभी कार्मिकों को फिलहाल हटा दिया है। गौरतलब है कि डेयरी प्लांट पर गत दिनों सात कर्मचारी कार्यरत थे। प्लांट से दूध प्रसंस्करण संबंधित कार्मिकों को हटाया है। वर्तमान में 3 गार्ड कार्यरत हैं।
गुणवत्ता पर उठे सवाल
डेयरी सूत्रों के अनुसार बीते सप्ताह डेयरी संघ द्वारा हिण्डौन प्लांट से भेजे गए दूध की गुणवत्ता ठीक नहीं पाई गई। टैंकरों से भेजे दूध को भीलवाड़ा व जयपुर डेयरी द्वारा मानकों पर सही नहीं मान कर बैरंग कर दिया था। ऐसे में डेयरी संघ में दूध की गुणवत्ता को लेकर खलबली सी मच गई। दूध की गुणवत्ता के मद्देनजर अग्रिम आदेशों तक हिण्डौन प्लांट में दूध संग्रहण बंद करने के आदेश जारी किए हैं।
इनका कहना है
दूध की गुणवत्ता में गिरावट आने पर हिण्डौन प्लांट में संकलन बंद किेया है। नए सिरे से व्यवस्थाएं कायम कर जल्द ही प्लांट को पूर्ववत शुरू कराया जाएगा। समितियों को गंगापुरसिटी संकलन केंद्र पर दूध पहुंचाने को कहा है। अतिरिक्त परिवहन खर्च डेयरी संघ द्वारा दिया जाएगा।
राधेश्याम शर्मा, प्रबंध संचालक सवाई माधोपुर- करौली जिला दुग्ध उत्पादक संघ, सवाई माधोपुर।