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इस जिले में नहीं एक भी एंटी रैबीज इंजेक्शन, दूसरे जिले से लिए उधार

जिले में बढ़ रहे कुत्तों के काटने के मरीज
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कटनी

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Sudhir Shrivas

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Updated: 6 Mar 2020, 12:55 AM IST

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कटनी. शहडोल जिला अस्पताल की मदद से फिर से जिला अस्पताल कटनी में एंटी रैबीज का इंजेक्शन लगना शुरू हो गया है। अब हर दिन लगभग 20 से 30 मरीजों को इंजेक्शन लगाया जा रहा है।
उल्लेखनीय है कि जिला अस्पताल के स्टॉक में एंटी रैबीज इंजेक्शन खत्म हो गया था। 27 फरवरी से इंजेक्शन समाप्त होने की वजह से कुत्ता काटने के बाद एंटी रैबीज का इंजेक्शन लगवाने आए मरीजों को निराश होकर लौटना पड़ रहा था। इधर इंजेक्शन खत्म होने पर पत्रिका ने कुत्ता काटा तो जिले के किसी भी सरकारी अस्पताल में नहीं मिलेगा रैबीज का इंजेक्शन शीर्षक से खबर प्रकाशित की। इसके बाद जिला अस्पताल प्रबंधन हरकत में आया और शहडोल जिला अस्पताल से 200 एंटी रैबीज इंजेक्शन के वायल मंगाए। इससे पहले भी जिला अस्पताल ने शहडोल ही 240 के लगभग इंजेक्शन मंगाए थे।

साल भर से खरीदी नहीं होने से हुई दिक्कत

जिले में एंटी रैबीज इंजेक्शन का स्टॉक खत्म होने की मुख्य वजह है सालभर से खरीदी न होना। अस्पताल प्रबंधन की मानें तो सरकार रेट तय नहीं कर पाई है। इसके चलते टेंडर प्रक्रिया नहीं हुई। पुराने स्टॉक से अब तक काम चलाया गया। अब स्टॉक खत्म होने के बाद मरीजों को परेशान होना पड़ रहा है।

इनका कहना है -जिला अस्पताल में एंटी रैबीज इंजेक्शन का स्टॉक खत्म हो गया था। शहडोल जिला अस्पताल से 200 वायल मंगाए गए हैं। कुत्ता काटने की वजह से घायल हुए मरीजों को इंजेक्शन लगने की सुविधा मिलना शुरू हो गई है। -डॉ. एसके शर्मा, सिविल सर्जन