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Video: आसमान से बरसी आफत ने अन्नदाता पर बरपाया कहर

सुबह 4 बजे भयंकर ओलावृष्टि से दर्जनों गांवों की फसल तबाह, भोर में गिरे ओले ने फसलों के साथ किसानों की तोड़ी कमर, कटनी ग्रामीण व बहोरीबंद तहसील क्षेत्र में सबसे ज्यादा नुकसानकिसान पहुंचे खेत तो आंखों में छलके आंसू, मेहनत व अरमानों पर फिरा पानीसुबह होते ही खेतों में कलेक्टर संग उतरे अफसर, फसलों का लिया जायजा, सर्वे के लिए दलों का किया गया गठन

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कटनी

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Balmeek Pandey

Feb 14, 2024

Video: आसमान से बरसी आफत ने अन्नदाता पर बरपाया कहर

Video: आसमान से बरसी आफत ने अन्नदाता पर बरपाया कहर

कटनी. जिले के हजारों किसानों के लिए मंगलवार का दिन बड़ा ही मनहूस रहा। विदर्भ व दक्षिण मध्यप्रदेश में कम दबाव का क्षेत्र बना होने के कारण तडक़े सुबह 4 बजे जिले में आसमान से बरसी आफत ने अन्नदाता पर जमकर कहर बरपाया। तेज गरज-चमक के साथ भयंकर ओले गिरने के साथ तेज बारिश हुई। तेज ओलावृष्टि के कारण शहर से लेकर गांव तक लोगों की नींद उड़ गई, जिसने भी यह नजारा देखा वह हैरान हो गया। ओलावृष्टि का सबसे ज्यादा प्रकोप कटनी ग्रामीण तहसील क्षेत्र व बहोरीबंद-स्लीमनाबाद क्षेत्र में हुआ है। किसानों के गेहंू, चना, मसूर, सरसों, अलसी, बटरी, मटर के साथ-साथ सब्जी वर्गीय फसलें एकदम नष्ट हो गई हैं। किसानों की नजर जब अपने खून-पसीने की कमाई पर पड़ा तो उनके आंसू छलक पड़े।
शहर में भयंकर ओलावृष्टि का नजारा देख व गांवों से आ रही खबरों के बाद कलेक्टर अवि प्रसाद ने मामले को संज्ञान में लिया। खुद अधिकारियों के साथ दोनों तहसीलों में हुए नुकसान का जायजा लेने किसानों के खेतों में पहुंचे। कलेक्टर अवि प्रसाद स्वयं राजस्व अमले के साथ जिले के कैलवाराखुर्द, पिपरौंध, केवलारी सहित बहोरीबंद क्षेत्र के पाली, मवई और कुमारी व जुझारी गांवों के खेतों में ओलावृष्टि से प्रभावित फसलों का जायजा लेने खेतों में पहुंचे। ग्राम पिपरौंध में किसानों से फसल क्षति के संबंध में चर्चा की। किसानों ने बताया कि यहां फसलों को नुकसान नहीं हुआ है। बहोरीबंद क्षेत्र में भ्रमण के दौरान ओलावृष्टि से फसलों का नुकसान होना पाया। उन्होंने ओलावृष्टि से प्रभावित किसानों को ढांढस बंधाया और आश्वस्त किया कि उनकी फसलों की क्षतिपूर्ति की जाएगी। कलेक्टर ने कहा है कि किसान चिंता नहीं करें उनकी फसल की क्षति का आंकलन कर राजस्व पुस्तक परिपत्र 6-4 के अनुसार प्रभावितों को राहत राशि प्रदान की जाएगी। किसानों को भरोसा दिलाया कि प्राकृतिक आपदा की इस घड़ी में प्रशासन किसानों के साथ है। उन्हें फसल क्षति पूर्ति मिलेगी।

कलेक्टर ने मथुरा को लगाया गले...
जुझारी ग्राम के कृषक मथुरा प्रसाद ने कहा कि 3 एकड़ भूमि पर गेंहू की बोवनी की थी, जो पूरी नष्ट हो चुकी हैं। जिससे चार माह की मेहनत पर पानी फिर गया है। अन्य किसानों की भी फसल नष्ट हो गई है। किसानों ने प्रशासन से मांग की कि जल्द फसलों का नुकसानी का आंकलन करवाएं और मुआवजा दिलावएं, ताकि आगामी फसलों को बोने में आर्थिक मद्द मिल सके। ग्राम जुझारी में ओलावृष्टि से खराब हुई फसल को देखने पहुंचे कलेक्टर अवि प्रसाद को बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से खराब हुई उनकी फसल की जानकारी देते हुए किसान मथुरा प्रसाद यादव खुद को सम्हाल नहीं सके और फफक-फफक कर रोने लगे। इस पर कलेक्टर ने मथुरा को गले लगाया। ढांढस बंधाया और आश्वस्त किया कि संकट की इस घड़ी में सरकार और प्रशासन आपके साथ है, पूरी मदद की जाएगी, हौसला रखें।

खेतों में उतरे अधिकारी
ओलावृष्टि से क्षतिग्रस्त फसलों का सर्वे कर जायजा लेने मंगलवार की सुबह से ही कृषि एवं राजस्व अमला खेतों में पहुंचा। एसडीएम बहोरीबंद राकेश चौरसिया ने स्लीमनाबाद और कूडन का निरीक्षण ग्राम पठरा बिजौरी और धरवारा भी सर्वे अमला पहुंचा जहां हल्की बारिश होने और फसलों को कोई नुकसान नहीं होने की जानकारी किसानों ने दी है। कलेक्टर ने कृषि, राजस्व और पंचायत विभाग के मैदानी अमले को बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से क्षतिग्रस्त और प्रभावित फसलों का पूरी प्रामाणिकता और ईमानदारी के साथ सर्वे करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने अधिकारियों को भी निर्देशित किया है कि वे भी किसानों से मिलें और खेतों में जाकर क्षति का जायजा लें।

आंकलन करनें सर्वे दल गठित
कलेक्टर अवि प्रसाद के निर्देश पर अपर कलेक्टर साधना परस्ते द्वारा ओलावृष्टि से प्रभावित क्षेत्रों में राजस्व पुस्तक परिपत्र 6-4 के तहत राहत उपलब्ध कराने के लिए सर्वेक्षण के लिए संबंधित क्षेत्र के तहसीलदार, नायब तहसीलदार, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत, अनुविभगीय कृषि अधिकारी, वरिष्ठ कृषि अधिकारी एवं ग्राम उद्यान विस्तार अधिकारी का तहसील स्तरीय सर्वेक्षण दल गठित किया है। अपर कलेक्टर नें नियमानुसार सर्वेक्षण कर सर्वेक्षण रिपोर्ट अनुविभागीय अधिकारी राजस्व को उपलब्ध करानें के निर्देश दिए है। तहसील स्तरीय जांच दल प्रत्येक हल्का एवं ग्राम पंचायत स्तर पर संबंधित क्षेत्र के हल्का पटवारी, सचिव, ग्राम रोजगार सहायक, कृषि विस्तार अधिकारी, ग्रामीण उद्यान विस्तार अधिकरी के गठित जांच दल से रिपोर्ट प्राप्त कर राहत उपलब्ध कराने की अग्रिम कार्रवाई सुनिश्चित करेंगे।

बारिश को लेकर खास
- ढीमरखेड़ा उमरियापान क्षेत्र में अनुकूल रहा मौसम, सिर्फ हुई हल्की बंूदाबांदी।
- रीठी तहसील क्षेत्र में सुबह चार बजे सिर्फ हुई हल्की बारिश।
- बड़वारा तहसील क्षेत्र में हुई हल्की बारिश, किसानों को राहत।
- ओलावृष्टि के कारण चना, मसूर, सरसों के झड़े फूल, उपज होगी प्रभावित।

100 ग्राम से अधिक वजनी गिरे ओले: एसडीएम ने कहां नहीं हुआ नुकसान
विजयराघवगढ़. क्षेत्र में भी हवा व गरज-चमक के साथ ओले गिरे। क्षेत्रीय किसानों ने बताया कि सुबह 4 बजकर 42 मिनट से लेकर 4.50 तक जमकर ओले गिरे। 100 ग्राम से अधिक वजनी ओले गिरे। ओले गिरने के कारण क्षेत्र के कई गांवों में फसल खराब हुई है। किसानों की मेहनत पर ओलावृष्टि ने पानी फेर दिया है। क्षेत्र में हुए नुकसान का आंकलन करने के लिए क्षेत्रीय अधिकारी खेतों में उतरे। एसडीएम महेश मंडलोई, तहसीलदार वीके मिश्रा, नायब तहसीलदार, आई, पटवारी आदि ने जायजा लिया। एसडीएम ने देवरी, मझगवां, देवराकलां, हरदुआ कलां, बंजारी आदि का निरीक्षण किया है। इस दौरान अभी कहीं पर अत्यधिक फसल नुकसान की रिपोर्ट सामने नहीं आई है। एसडीएम महेश मंडलोई ने कहा कि बारिश व ओलावृष्टि से क्षेत्र में कोई नुकसान नहीं हुआ।

यह है बारिश की स्थिति
मौसम विभाग के जिले में 24 घंटे में 4.5 मिलीमीटर बारिश हुई है। सर्वाधिक वर्षा बहोरीबंद में 16.2 मिमी, कटनी में 11 मिमी, रीठी में 2 मिमी, बिलहरी में 4 मिमी, बड़वारा में 3 मिमी, बरही 1 मिमी, विगढ़ 3 मिमी, सिनगौड़ी में 6 मिमी, बाकल 5 मिमी, ढीमरखेड़ा में 5 मिलीमीटर बारिश हुई है।

ओले की जमी रहीं सिल्लियां
बहोरीबंद क्षेत्र के ग्राम पुरानी में भयंकर ओलावृष्टि हुई है। कई घंटे तक यहां ओले की सिल्लियां जम गईं थीं। यह नजारा गांव से लेकर किसानों के खेतों में रहा है। सुबह गांव के बच्चे ओले का ढेर उठाकर खेलते देखे गए। वेद सेन पिता मुकेश सेन बस्ती से बर्फ की सिल्ली उठाकर घर पहुंच गया था। गांव में भयंकर क्षति होने की सूचना पर अफसर जांच के लिए पहुंचे।

पथराड़ी पिपरिया में बिछी चादर
यह नजारा बहोरीबंद क्षेत्र के ग्राम पथराड़ी पिपरिया का है। जहां पर भयंकर आलावृष्टि हुई है। यहां पर कई गांव से लेकर खेत तक ओले की चादर बिछ गई थी। सरपंच मंगीलाल चौधरी ने बताया कि गांव में किसानों की फसल 50 फीसदी से अधिक चौपट हो गई है।

बहोरीबंद विकासखंड क्षेत्र के दर्जनों गांव प्रभावित
स्लीमनाबाद व बहोरीबंद तहसील क्षेत्र मे तेज बारिश और हवाओ के वेग से गेहूं एवं चना की फसल खेतों में बिछ गई, खेतों में पानी भर गया। साथ ही ओलो की मार भी फसलों पर पड़ी। सुबह होते ही किसान अपने-अपने खेतों में फसल को देखने के लिए पहुंचे। खेतों का मंजर देख किसानों के आंखों से आसूं बहने लगे। बहोरीबंद तहसील क्षेत्र में अधिकांश किसानों ने गेहूं और चना की फसल लगाई है। बहोरीबंद के जुझारी, कूड़ा घनिया, तिंगवा, देवरी, खरगवां, मोहनिया, सिजहरी, पटी, पाली, सुपेली, पथराडी पिपरिया, महगबा में मसूर दाने के आकार के बारीक ओले चार मिनट तक गिरे हैं। गांवों के खेतों में कटी फसल गीली हो गई, वहीं खड़ी फसल पानी-ओले की वजह से पूरे खेत में बिछ गई। इसके अलावा कई जगहों पर तो ओले के कारण चने घेटियां गिर गई, वहीं गेहं की बालियां टूट गई हैं। राकेश कुमार चौरसिया एसडीएम बहोरीबंद का कहना है कि राजस्व व कृषि विभाग का अमला खेतों में जाकर नुकसानी आंकलन किया है। जिन भी कृषकों की फसलों का नुकसान हुआ है उन्हें मुआवजा मिले इसकी रिपोर्ट कलेक्टर को भेजी जाएगी।

बड़वारा क्षेत्र में भी खराब हुई फसलें
बड़वारा तहसील क्षेत्र में भी तेज हवा के कारण कई गांवों में फसलों खराब हुई हैं। बिजौरी सहित कई गांवों में गेहंू की फसल गिर गई है व टहनियां टूट गई हैं। किसानों ने बताया कि इससे बड़ी मात्रा में उत्पादन प्रभावित होगा। कलेक्टर के आदेश पर तहसीलदान मनीष शुक्ला सहित नायब तहसीलदार, आरआई, पटवारी आदि ने क्षेत्रों का दौरा किया है।

प्रभारित रही बिजली आपूर्ति
शहर अभियंता सुभाष नागेश्वर ने बताया कि शहर के अंदर तेज बारिश एवं ओले लगातार आधे घंटे तक गिरने से शहर के अलग-अलग क्षेत्र में विद्युत व्यवस्था ठप रही। आधारकाप, भ_ा मोहल्ला, गोल बाजार, घंटाघर, बस स्टैंड, सिविल लाइन एवं अन्य क्षेत्र में लगभग 60 ट्रांसफार्मर के डीओ फ्यूज टूट गए, जिसके निराकरण में विद्युत विभाग की पूरी टीम तत्परता से लगी रही। टीम को पूरे शहर के विद्यत बहाल करने में लगभग 3 घंटे का समय लगा। शहर के 2 नग 11 केवी फीडर कन्ीवारा एवम सिटी 11 में पिन इंसुलेटर एवम पोस्ट इंसुलेटर बस्र्ट होने से भी विद्युत व्यवस्था बाधित रही।
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