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रेलवे की लिफ्ट में दो घंटे फसें रहे पति-पत्नी और दो बच्चे

मदद के लिए परिवार लगाता रहा गुहार, स्थानीय स्तर पर रेलवे नहीं कर सका मदद, नासिक से रिश्तेदारी में आया था परिवार

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Husband and wife and two children trapped in the lift

Husband and wife and two children trapped in the lift

खंडवा. महाराष्ट्र से रिश्तेदारी में खंडवा आया एक परिवार मंगलवार की सुबह ट्रेन से उतरते ही रेलवे की लिफ्ट में फंस गया। पति- पत्नी और दो मासूम बच्चे करीब दो घंटे तक लिफ्ट में ही फंसे रहे। इस दौरान स्थानीय रेल प्रशासन उनकी कोई मदद नहीं कर सका। यह पहली बार नहीं है जब कोई लिफ्ट में फंसा है। इसके पहले भी रेलवे में कई बार इस तरह की घटनाएं सामने आ चुकी हैं।
हावड़ा मेल से आया परिवार
महाराष्ट्र के नासिक से आए एजाज कुरैशी ने लिफ्ट से निकलने के बाद बताया कि वह अपनी पत्नी सना कुरैशी और दो बच्चों के साथ हावड़ा मेल से खंडवा पहुंचे। साथ में कई और लोग थे जो सीढि़यों से बाहर तरफ निकल गए। जबकि एजाज अपने परिवार के साथ लिफ्ट में सवार हो गए।
आधे रास्ते में अटक गई लिफ्ट
बकौल एजाज, लिफ्ट चालू करते ही वह आधे रास्ते में अटक गई। एजाज, उनकी पत्नी और बच्चे घबरा गए थे। किसी तरह उन्होंने अपने रिश्तेदार और लिफ्ट में लिखे नंबरों पर कॉल किया। सूचना पाकर भगत सिंह वार्ड के पार्षद इकबाल कुरैशी और कई स्थानीय लोग पहुंच गए। रेल सुरक्षा बल और जीआरपी भी पहुंची।
तलाशने पर नहीं मिला इंजीनियर
स्टेशन अधीक्षक समेत रेलवे के स्थानीय अधिकारियों को आरपीएफ ने सूचना दी। मौके पर पहुंचे लोगों ने लिफ्ट सुधारने वाले इंजीनियर को तलाशा, लेकिन यहां काई नहीं मिला। फिर बुरहानपुर में सूचना भेजी गई ताकि वहां से इंजीनियर आ सके। तमाम कोशिशों के बाद सुबह करीब पौने 8 बजे से फंसे परिवार को करीब सवा 10 बजे बाहर निकाला जा सका। राहत की सांस लेने के बाद पीडि़त परिवार ने रेलवे की लापरवाही मानी है। स्थानीय लोगों ने भी रेल प्रबंधन पर नाराजगी जाहिर की है।

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