
खंडवा : पोषण पुनर्वास केंद्र में खाली पड़े बेड, झूले पर सूख रही बेड शीट ।
हुक्मरानों की कमजोर मॉनिटरिंग के चलते अति कुपोषित बच्चे कुपोषण से जूझ रहे हैं। पोषण की तमाम योजनाएं उनके लिए बेमानी साबित हो रही हैं। पोषण पुनर्वास केंद्रों पर खेल उपकरणों पर सुखाई जा रही बेडशीट से बच्चों में संक्रमण का खतरा मंडरा रहा है।
आला अफसरों की कमजोर मॉनीटरिंग के चलते 1189 अति कुपोषित बच्चे कुपोषण से जंग लड़ रहे हैं। उन्हें समय से पोषण पुनर्वास केंद्रों तक पहुंचाने की व्यवस्था बेपटरी हो गई है। तमाम प्रयास के बाद भी कई पोषण पुनर्वास केंद्रों के बेड खाली पड़े हैं। रविवार शाम पांच बजे की स्थिति में जिले के आठ केंद्रों में कुल 101 बच्चे भर्ती थे। खंडवा जिला अस्पताल स्थित 20 बेड के केंद्र में केवल 16 बच्चे भर्ती मिले, जबकि छैगांव माखन के 10 बेड वाले केंद्र में सिर्फ 6 बच्चे भर्ती हैं। सिंगोट और हरसूद केंद्रों में भी बेड खाली रहे। दूसरी ओर खालवा और पुनासा केंद्रों में क्षमता से अधिक बच्चों को भर्ती कर अतिरिक्त बेड लगाने पड़े।
कुपोषण मुक्त अभियान पर हर साल लाखों रुपये खर्च किए जा रहे हैं। लेकिन पुनर्वास केंद्रों में खाली बेड और व्यवस्थाओं में लापरवाही के चलते जरूरतमंद बच्चों को लाभ नहीं मिल रहा है। स्वास्थ्य विभाग की रिपोर्ट के अनुसार जिले में सबसे अधिक 281 अति कुपोषित बच्चे खालवा क्षेत्र में हैं। इसके बाद पंधाना में 232, पुनासा में 205, छैगांव माखन में 124, खंडवा शहर में 119 और ग्रामीण क्षेत्र में 115 बच्चे अति कुपोषण से पीड़ित हैं। इसके बावजूद जिन केंद्रों में जगह उपलब्ध है, वहां सभी बेड नहीं भर पा रहे हैं। इससे महिला एवं बाल विकास विभाग और स्वास्थ्य विभाग के बीच समन्वय पर सवाल उठ रहे हैं।
जिला अस्पताल स्थित पोषण पुनर्वास केंद्र में गंभीर लापरवाही सामने आई। बच्चों के खेलने के लिए लगाए गए झूले और अन्य खेल उपकरणों पर केंद्र की बेडशीट और चादरें सुखाई जा रहीं हैं। उसी स्थान पर छोटे बच्चे खेलने को मजबूर हैं। विशेषज्ञों के अनुसार इस तरह की व्यवस्था से कमजोर प्रतिरोधक क्षमता वाले बच्चों में संक्रमण फैलने का खतरा बढ़ सकता है।
पोषण पुनर्वास केंद्रों में बच्चों को भर्ती कराने की जिम्मेदारी महिला एवं बाल विकास विभाग की है। एक भी बेड खाली नहीं रहने के निर्देश दिए गए हैं। जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त बेड लगाने की व्यवस्था भी है। यदि कहीं बेड खाली हैं तो जांच कराई जाएगी और जिम्मेदारी तय की जाएगी।
पोषण पुनर्वास केंद्र-- भर्ती बच्चे
खंडवा 16
रोशनी 10
छैगांव मा 06
पुनासा 16
हरसूद 09
पंधाना 10
सिंगोट 08
खालवा 26
कुल 101
जनपद अति कुपोषित बच्चे
बलड़ी 31
छैगांव मा 124
हरसूद 82
खालवा 281
खंडवा ग्रामीण 115
खंडवा शहर 119
पंधाना 232
पुनासा 205
कुल 1189
Updated on:
20 Jul 2026 11:57 am
Published on:
20 Jul 2026 11:57 am
