
युवाओं, सरकारी कर्मचारियों और किसानों को मिलेगी सौगात: मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी
मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने बुधवार को कहा कि राज्य के बजट में युवाओं, सरकारी कर्मचारियों, नौकरी तलाशने वाले शिक्षितों और किसानों के लिए कई नई योजनाओं एवं कार्यक्रमों की घोषणा की जा सकती है। उन्होंने राज्यवासियों से सरकार के विकास कार्यक्रमों में सहयोग करने की अपील की। उन्होंने कहा कि 22 जून को राज्य का बजट पेश किया जाएगा। उन्होंने यह भी संकेत दिया कि किसानों के हित में भी महत्वपूर्ण पहल की तैयारी की जा रही है।
मुख्यमंत्री ने लोगों की जबरदस्त प्रतिक्रिया को देखते हुए राज्यभर में जारी जनकल्याण शिविरों की अवधि एक दिन बढ़ाकर 18 जून तक करने की भी घोषणा की। उन्होंने कहा कि इन शिविरों में बड़ी संख्या में लोग पहुंच रहे हैं इसलिए कार्यक्रम की अवधि एक दिन और बढ़ाई जा रही है। इन शिविरों के माध्यम से लोग केंद्र और राज्य सरकार की उन सभी योजनाओं का लाभ प्राप्त कर सकेंगे जिनके लिए वे पात्र हैं। उन्होंने फलता में आयोजित जनकल्याण शिविर में यह घोषणा करते हुए कहा कि इन शिविरों के माध्यम से नागरिकों को केंद्र और राज्य सरकार की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का लाभ एक ही स्थान पर उपलब्ध कराया जा रहा है। जनकल्याण शिविरों के माध्यम से विभिन्न योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने की प्रक्रिया जरूरी है।
फलता में कानून-व्यवस्था और जनसेवाओं को मजबूत करने के उद्देश्य से कई कदम उठाए जाने की घोषणा करते हुए सुवेंदु ने इसे आदर्श विधानसभा क्षेत्र के रूप में विकसित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि इलाके में एक महिला थाना स्थापित किया जाएगा और अतिरिक्त महिला पुलिसकर्मियों की भर्ती की जाएगी। पुलिस विभाग का भी प्रभार संभाल रहे सुवेंदु ने कहा कि फलता थाने में महिलाओं के लिए अलग सहायता केंद्र भी स्थापित किया जाएगा। अब हम फलता में अशांति का माहौल और भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं करेंगे। यहां विशेष आर्थिक क्षेत्र (एसईजेड) में औद्योगिक क्षेत्र विकसित करने की योजना बनाई गई है। साथ ही फलता ग्रामीण अस्पताल को 100 शैय्या वाले अस्पताल में उन्नत करने, महिला महाविद्यालय स्थापित करने, अग्निशमन केंद्र की स्वीकृति देने तथा स्थानीय थाने को और सशक्त बनाने की घोषणा की।
मुख्यमंत्री ने बताया कि अन्नपूर्णा योजना के तहत गत 3 जून को 28 लाख महिलाओं के बैंक खातों में 3,000 रुपए की सहायता राशि सफलतापूर्वक भेजी जा चुकी है। मुख्यमंत्री ने कहा कि अन्नपूर्णा योजना के तहत अब तक 1.05 करोड़ महिलाओं ने पंजीकरण कराया है और उनके विवरण का सत्यापन कर पोर्टल पर अपलोड किया जा चुका है। मुख्यमंत्री ने कहा कि पूर्ववर्ती प्रशासनिक व्यवस्था के दौरान लक्क्ष्मी भंडार योजना में व्यापक अनियमितताएं हुई थीं। उन्होंने आरोप लगाया कि कई स्थानों पर पुरुषों द्वारा महिलाओं के लिए निर्धारित लाभ प्राप्त किए गए, जिनकी जांच पुलिस और सीआईडी द्वारा की जा रही है। इन सभी आवेदनों का सत्यापन पूरा कर संबंधित जानकारी पोर्टल पर अपलोड कर दी गई है। इन लाभार्थियों को जून माह की 3,000 रुपए की राशि आगामी 1 जुलाई को प्राप्त हो जाएगी। योजना में अब तक नाम दर्ज नहीं करा पाने वाली महिलाओं को आश्वस्त करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें किसी प्रकार की चिंता करने की आवश्यकता नहीं है। उन्होंने अपील की कि पात्र महिलाएं जनकल्याण शिविरों में जाकर आवेदन पत्र भरें। सरकारी अधिकारी उनकी हर संभव सहायता करेंगे तथा आवश्यकता पड़ने पर घर-घर जाकर भी सहयोग प्रदान किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जनकल्याण शिविरों के माध्यम से कुल 54 योजनाओं का लाभ उपलब्ध कराया जा रहा है, जिनमें सबसे महत्वपूर्ण आयुष्मान भारत है। इस योजना के तहत पात्र लाभार्थियों को देश के किसी भी सरकारी अथवा निजी अस्पताल में पांच लाख रुपए तक के उपचार की सुविधा मिल सकती है। उनके अनुसार, राज्य के लगभग 1.43 करोड़ परिवारों तथा साढ़े छह करोड़ लोगों को इस योजना का लाभ मिलने की संभावना है। सीएम ने कहा कि राज्य सरकार पारदर्शिता और स्वच्छ प्रशासन के साथ यह सुनिश्चित कर रही है कि पात्र लोगों को बिना किसी भ्रष्टाचार के सरकारी योजनाओं का लाभ मिले। उन्होंने कहा कि लोगों का सरकार पर बढ़ता विश्वास ही शिविरों में उमड़ रही भीड़ का प्रमुख कारण है। मुख्यमंत्री ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों के निम्न आय वर्ग के परिवार प्रधानमंत्री सूर्य घर योजना का लाभ लेने के लिए भी जनकल्याण शिविरों में पंजीकरण करा सकते हैं। उन्होंने कहा कि 100 यूनिट क्षमता के लिए 30 हजार रुपए, 200 यूनिट के लिए 60 हजार रुपए तथा 300 यूनिट के लिए 78 हजार रुपए तक की सब्सिडी उपलब्ध कराई जाएगी।
Updated on:
17 Jun 2026 09:00 pm
Published on:
17 Jun 2026 09:00 pm
