बिना कारण सड़क पर आवारागर्दी करने वाले युवक शनिवार की रात पुलिस की हत्थे चढ़ गए। पुलिस ने कान पकड़कर उठक बैठक कराई। रात को शराब पीकर दुपहिया और चारपहिया गाड़ियां की एक्सीलेटर दबाते चालक भी धरे गए। पुलिस ने 12 चालकों को पकड़ लिया। उन्हें देर रात तक पुलिस हिरासत में रखा गया। छोटी बड़ी गाड़ियों की भी चेकिंग हुई।
अचानक शुरू हुई चेकिंग को देखकर शहर लोग हैरान हो गए। लोगों को आशंका हुई कि शहर में कोई वारदात हुई होगी। इस कारण पुलिस अचानक रात में गाड़ियों की चेकिंग कर रही है। लेकिन आशंका गलत साबित हुई। सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए शहर में पुलिस की ओर से यह कदम उठाया गया था। चेकिंग की कमान पुलिस अधीक्षक संतोष सिंह संभाल रहे थे। चेकिंग शुरू करने से पहले एसपी सिंह ने निहारिका क्षेत्र में अधीनस्थ पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों को आवश्यक दिशा निर्देश दिया।
इसके बाद पुलिस की टीम वाहनों की जांच करने के लिए सड़क पर उतर गई। घंटाघर, सीएसईबी चौक और नहर चौक पर रात 11 बजे से रात तीन बजे तक वाहनों की जांच की गई। वाहन चालकों को रोककर पुलिस ने पूछताछ किया। बिना कारण देर रात तक सड़क पर घूमने वालों को फटकारा। कान पकड़कर उठक बैठक कराया। यातायात पुलिस ने शराबी वाहन चालकों की जांच की। इस दौरान कई वाहन चालक शराब की नशे में ड्राइविंग करते पकड़े गए। पुलिस ने 12 चालकों को शराब पीकर वाहन चलाने के आरोप में पकड़ लिया।
उनकी गाड़ियों को जब्त कर लिया। देर रात तक शराबी चालकों को थाना में बैठाकर रखा गया। चार पहिया वाहनों से लेकर दो पहिया वाहनों में सफर कर करने वाले हर व्यक्ति को रोका गया। उनकी पहचान पूछी गई। गाड़ी की छानबीन की गई। कार्रवाई के दौरान सीएसपी कोरबा योगेश साहू और एसडीओपी कटघोरा ईश्वर त्रिवेदी और थानेदार के अलावा चौकी प्रभारी सहित अन्य पुलिसकर्मी उपस्थित थे। °