
korea bear attack: आधी रात को आंगन व बाड़ी में हमला, तीन ग्रामीण जख्मी, अस्पताल दाखिल
बैकुंठपुर/मनेंद्रगढ़। कोरिया के ग्रामीण अंचलों में भालुओं का आतंक बढऩे लगा है। मक्के के सीजन में जंगल से गांव-बाड़ी तक पहुंचने लगे हैं। मनेंद्रगढ़ व जनकपुर क्षेत्र में शनिवार की रात को अलग-अलग हमले में तीन ग्रामीण गंभीर रूप से घायल हो गए हैं।
जानकारी के अनुसार मनेंद्रगढ़ वनपरिक्षेत्र के ग्राम चनवारीडांड़ में शनिवार की रात में मंगलीबाई(५५) गहरी नींद में सो रही थी। इस दौरान करीब २.३० बजे बाहर सामान गिरने जैसी आवाज आई। जिससे महिला दरवाजा खोलकर बाहर निकली। वैसे ही एक मादा भालू और दो शावकों ने हमला कर दिया। जिससे महिला गंभीर रूप से घायल हो गई हैं। महिला को घायल अवस्था में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मनेंद्रगढ़ में भर्ती कराया गया है। वहीं ग्राम पंचायत पाराडोल में शनिवार रात करीब ११.३० बजे भालू बाड़ी में पहुंच गए। जिससे बुजुर्ग बाबूलाल(५९) भालुओं को भगाने बाड़ी की ओर चला गया। इसी बीच भालुओं ने बुजुर्ग पर हमला कर दिया। जिससे गंभीर अवस्था में जिला अस्पताल बैकुंठपुर में भर्ती कराया गया है। जहां बुजुर्ग का इलाज चल रहा है। मामले में वन विभाग का अमला दोनों घायलों की सुध लेने नहीं पहुंच पाया है।
शाम को लोटा लेकर शौच जाने निकला, मादा भालू व शावकों से सामना हुआ
जनकपुर क्षेत्र के माड़ीसरई के ग्राम कर्री चुनियापारा निवासी हीलाल अहिरवार(४५) शाम को लोटा लेकर शौच जाने निकला था। उसी समय रास्त में मादा भालू और शावकों ने हमला कर दिया। जिससे ग्रामीण के जांघ, सिर और बाएं हाथ में गंभीर चोट लगी है। मामले में परिजनों ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र जनकपुर में भर्ती कराया है। जहां घायल ग्रामीण का इलाज चल रहा है। वहीं वन विभाग ने तत्काल सहायता के तौर पर दो हजार नकद रुपए दिए हैं। गौरतलब है कि वनपरिक्षेत्र बहरासी क्षेत्र के गांव में जुलाई के पहले सप्ताह में भालुओं के हमने में एक ग्रामीण की मौत हो चुकी है। बावजूद वन अमला भालुओं के लिए जंगल में पर्याप्त भोजन उपलब्ध कराने और ग्रामीणों की सुरक्षा को लेकर कोई विशेष कदम नहीं उठा रहा है।
महिला को २० टांगे लगे, वन विभाग से ५०० आर्थिक मदद मिली
जानकारी के अनुसार ग्राम पंचायत चनवारीडांड़ निवासी मंगली बाई रात को घर में सो रही थी। तभी घर के आंगन व रसोई के पास आवाज सुनाई दी। जिससे उठकर रसोई की तरफ गई। तभी तीन भालू घर में घुसे थे। जो महिला के ऊपर हमला कर दिय। शोर मचाने पर परिवार वाले उठ गए और भालुओं को भगाया गया। बताया जाता है कि इस हादसे में महिला के सीने व सिर में काफी चोटें आई है। सिर में करीब 20 टांके लगाए गए हैं। घटना के बाद स्वयं के वाहन से घायल महिला को अस्पताल ले जाया गया। जहां इमरजेंसी ड्यूटी चिकित्सकों द्वारा टांका व उपचार कर भर्ती किया गया है। वहीं रात 3 बजे से दोपहर तक कोई चिकित्सक महिला की सुध लेने नहीं आया। सरपंच के माध्यम से वन विभाग को सूचना दी। जिससे वन कर्मचारी अस्पताल पहुंचे और मात्र पांच सौ रुपए की सहायता देकर चलते बने।
Published on:
4 Sep 2022, 7:04 PM IST
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