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बिना बिल की एक लाख की दवा पकड़ी

औषध नियंत्रण संगठन ने रविवार रात महावीर नगर क्षेत्र में एक युवक से एक लाख रुपए की अवैध दवाएं पकड़ी। मुखबिर ने विभाग को सूचना दी कि एक युवक मेडिकल स्टोर वालों को अवैध रूप से दवा सप्लाई कर रहा है। सूचना पर सहायक औषध नियंत्रक देवेन्द्र गर्ग ने कार्रवाई कर शाजापुर (मप्र) निवासी रामबाबू डांगी को पकड़ा।

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Caught one lakh medicines without bill

Caught one lakh medicines without bill

औषध नियंत्रण संगठन ने रविवार रात महावीर नगर क्षेत्र में एक युवक से एक लाख रुपए की अवैध दवाएं पकड़ी। मुखबिर ने विभाग को सूचना दी कि एक युवक मेडिकल स्टोर वालों को अवैध रूप से दवा सप्लाई कर रहा है। सूचना पर सहायक औषध नियंत्रक देवेन्द्र गर्ग ने कार्रवाई कर शाजापुर (मप्र) निवासी रामबाबू डांगी (21) को पकड़ा। गर्ग ने मेडिकल स्टोर संचालक बन रामबाबू से बात की। आरोपित ने उन्हें रात महावीर नगर क्षेत्र में बुलाया, जहां गर्ग टीम के साथ पहुंचे। रात करीब 12 बजे ऑटो में आरोपित आया तो टीम ने उसे धर दबोचा। उसके बैग की तलाशी लेने पर उसमें स्त्री रोगों से संबंधी महंगी दवाइयां मिलीं।

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गर्ग ने बताया कि आरोपित के पास ड्रग कंट्रोल विभाग से लाइसेंस नहीं है और न उसके पास कोई बिल मिला। नकली दवा के संदेह में टीम ने छह नमूने लिए हैं। साथ ही कोर्ट में जब्त दवाओं की कस्टडी ऑर्डर के लिए आवेदन कर दिया है। कार्रवाई के दौरान ड्रग ऑफिसर प्रहलाद मीणा, रोहिताश्व नागर और योगेश कुमार ने की है। जब्त दवाओं की सूची बनाने की कार्रवाई सुबह पांच बजे तक चली।

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दस हजार गोलियां मिलीं

टीम ने एक लाख रुपए मूल्य की करीब दस हजार गोलियों को एयरबैग सहित ही जब्त किया है। इनमें सभी दवाइयां स्त्री रोगों से संबंधित हैं। गोलियों में आयरन, फोलिक एसिड, प्रेगनेंसी, हार्मोनल, यूरिन इंफेक्शन के एंटीबायोटिक शामिल हैं।

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पहले इंदौर, फिर झालावाड़ से लाना बताया

आरोपित ने पूछताछ में पहली बार कोटा आना कबूला है। पहले उसने इंदौर से दवा लाना बताया, लेकिन बाद में कहा कि वह झालावाड़ में एक मेडिकल स्टोर पर काम करता है और ये दवाइयां उसने वहीं से चोरी की हैं। दवा कहां सप्लाई करनी थी, इसके बारे में आरोपित ने कुछ नहीं बताया। गर्ग के मुताबिक, आगे की कार्रवाई में जिन कंपनियों की दवाइयां मिली हैं, उनसे बैच के अनुसार जानकारी मांगी जाएगी, ताकि दवाइयां कहां से लाया है, इसका खुलासा हो सके।

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