कोटा. झूलेलाल सेवा समिति की ओर से मनाए जा रहे चेट्री चण्ड्र महोत्सव के तहत शुक्रवार को रामतलाई िस्थत झूलेलाल मंदिर में यज्ञोपवित संस्कार का आयोजन किया गया। जिसमें कोटा व अन्य स्थानों से आए बटुकों ने जनेऊ धारण की।
जयदेव शर्मा के आचार्यत्व व 7 अन्य सहयोगियों के सान्निध्य में बटुकों ने जनेऊ धरण की। गणेश पूजन के साथ कार्यक्रम की शुरुआत हुई। बटुकों की मां ने बटुकों का श्रृंगार किया। पहरावनी व हवन इत्यादि किया गया। बटुकों ने गुरु के लिए भीक्षा मांगी, फिर गुरु मंत्र ग्रहण कर यज्ञोपवित धारण की। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे।
इस मौके पर आयोजित कार्यक्रम की अध्यक्षता संभागीय आयुक्त राजपाल सिंह, नगर निगम कोटा दक्षिण के आयुक्त राजेश डागा मुख्य अतिथि रहे। उन्होंने भारतीय संस्कृति में सोलह संस्कारों का महत्व व वैज्ञानिक आधार बताया। अध्यक्ष सतीश गोपलानी ने बताया कि बटुकों को समिति की ओर से वस्त्र, पूजन सामग्री, चांदी की अंगूठी, चांदी की वैढ़ व अन्य आवश्यक वस्तुुएं भेंट की। इस मौके पर सांस्कृतिक आयोजन भी हुए। नरेश भागवानी, टीकम चंद समेत अन्य भजन गायकों ने भजनों की प्रस्तुति दी।
समिति के उपाध्यक्ष हरीश दयानी व बसंत वलेचा, संरक्षक मुरलीधर अलरेजा, हरीश पंजवानी, शंकर अरोड़ा, कालू मलकानी, नन्दलाल राजानी, महेश आहूजा समेत अन्य लोग मौजूद रहे। उत्सव का समापन व सम्मान समारोह 26 मार्च को दोपहर 12.00 बजे होगा।