कोटा. दर्द दूर करने के लिए ली जाने वाली दर्द निवारक दवाएं शरीर को दर्द दे रही हैं। दर्द निवारक दवाओं का सीधा असर किडनी पर हो रहा है। शहर के अस्पतालों में रोजाना ऐसे एक-दो, एक-दो मरीज सामने आ रहे हैं। मरीजों में सबसे बड़ा कारण सेल्फ मेडिकेशन का सामने आ रहा है। बिना किसी जानकारी के मरीज दवा ले रहे हैं। शरीर में कहीं भी दर्द होता है, घर या आस-पास का कोई भी सलाह दे देता है और मरीज दवा ले लेता है। इसके साथ ही बीमारी की शुरुआत हो जाती है। कुछ लोग तो लगातार दर्द निवारक लेते रहते हैं, जिन्हें बाद में गंभीर बीमारियों का सामना करना पड़ जाता है। ज्यादातर मामले किडनी पर असर के सामने आ रहे हैं। डॉक्टरों का मानना है कि यह सामान्य बात हो चुकी है। पांच में से एक मामला ऐसा होता है जो कि ज्यादा दर्द निवारक दवाएं ले लेता है और उसके बाद परेशानी का शिकार हो जाता है। शहर के एमबीएस और न्यू मेडिकल कॉलेज अस्पताल दोनों जगह इस तरह के मामले सामने आ रहे हैं।
मौत भी हो सकती है
डॉक्टरों का मानना है कि यदि मरीज को पहले से ही ब्लड प्रेशर या शुगर जैसे रोग हैं। इसके बाद यदि सिर दर्द या बदन दर्द के चलते कोई पेन किलर ले लेता है तो बहुत अधिक नुकसानदेह साबित हो सकती है। इसके अलावा कई बार ऐसे मामले भी आते हैं कि मरीज दर्दनिवारक दवा खाता है और परेशानी शुरू हो जाती है। इसके बाद वो किसी झौलाछाप के पास चला जाता है और वो भी उसे पेन किलर लिख देता है। ऐसे में दर्द बढ़ जाता है और सारा मामला बिगड़ जाता है। इस तरह की गंभीर स्थितियों में मौत तक हो सकती है। क्योंकि किडनी पर बहुत अधिक असर हो जाता है। कई मामले ऐसे भी आए हैं जिसमें किडनी परमानेन्ट फेल हो गई।
केस-1
60 वर्षीय महिला के दांत में दर्द था। लगातार दर्द निवारक दवाएं खा ली। अगले ही दिन पेशाब बंद हो गया। जांच में पता चला कि दवाएं खाने से किडनी पर असर हो गया। ईलाज चल रहा है।
केस-2
कोचिंग विद्यार्थी को पढ़ते समय सिरदर्द होता था। खुद ही दर्द निवारक दवाएं लेता रहा। एक बार 48 घंटे में 4 गोलियां ले ली तो किडनी में सूजन आ गई। अस्पताल में भर्ती करना पड़ा।
केस-3
गोवधर्न परिक्रमा पर गए एक फार्मा कंपनी के एमआर को पेट दर्द हुआ तो छह दर्द निवारक गोलियां खा ली। बाद में घबराहट व बैचेनी रहने लगी। यूरिया, क्रिएटिनिन बढ़ गए। किडनी डेमेज हो गई। तीन दिन भर्ती रहना पड़ा।
क्या है नुकसान
दर्द निवारक लगातार खाने से शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता खत्म होने लगती है।
दर्द निवारक यदि ज्यादा मात्रा में ली जाती है तो किडनी पर ज्यादा असर होता है।
एक-दो दिन में भी ज्यादा दर्द निवारक लेने से परेशानी हो सकती है।
सलाह लेकर लें दवा
दवा कोई भी हो अपनी मर्जी से नहीं लेनी चाहिए। चिकित्सक की सलाह से ही दवा लेनी चाहिए। दर्द निवारक लेने से किडनी पर असर के मामले बहुत आ रहे हैं। डॉ.विकास खण्डेलिया, नेफ्रोलॉजिस्ट