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Breaking News: सावधान: कोटा दशहरा मेले में फिर मच सकती है भगदड़

सावधान हो जाइए कोटावासियों, नगर निगम कोटा दशहरा मेले में वर्ष 2016 फिर से दोहराने जा रहा है। भगदड़ में कई लोग घायल हुए और कई पुलिसकर्मी चोटिल हुए।
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कोटा

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Zuber Khan

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Updated: 31 May 2018, 7:00 AM IST

kota Dussehra Mela

Breakin News: सावधान: कोटा दशहरा मेले में फिर मच सकती है भगदड़

कोटा . राष्ट्रीय दशहरा मेले में दो साल पहले सांस्कृतिक कार्यक्रम के दौरान मची भगदड़ से नगर निगम प्रशासन ने सबक लेने के बजाए आंखें मूंद ली है। अनहोनी होने पर लोगों को कैसे सुरक्षित निकाला जा सकता है, इस पहलू को दरकिनार करते हुए प्रगति मैदान की तर्ज पर विकास कार्यों के दौरान प्रवेश द्वार व मुख्य मार्गों की चौड़ाई घटा दी गई है।

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मेले में पहले साठ फीट से कम चौड़ा कोई मार्ग नहीं था। इसमें भी मेले के दौरान मार्ग छोटे प्रतीत होते। लेकिन अब मुख्य रास्तों की चौड़ाई ही 40 फीट कर दी गई है। अंदर के बाजारों में भी 10 से 20 फीट के रास्ते निर्धारित किए गए हैं, ऐसी स्थिति में लोगों को खासी परेशानी उठानी पड़ेगी।

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फेल हो गया था पुलिस तंत्र

दो साल पहले दशहरा मेले में अखिल भारतीय मुशायरा के दौरान पत्थर फेंकने के कारण भगदड़ मच गई थी। कई लोगों के चोटें आई थी। भगदड़ के दौरान लोग मेले से बाहर निकलने के लिए दौड़े तो रास्ते छोटे पड़ गए थे और कई लोग प्रवेश द्वारों पर लगाए गए बेरिकेड्स में फंस गए थे, तब पुलिस ने रास्ते चौड़े करने के लिए निगम को कहा था, लेकिन और खैड़े हाने के बजाय नए विकास कार्यों में इसका उलटा हो गया है।

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मेले के साथ का बॉक्स

ऐसे रहेगा मेला
- पक्की दुकानों की संख्या 665 से बढ़ाकर 748 हुई।

- कच्ची दुकानों के लिए अलग से प्रावधान।
- अम्बेडकर भवन के पास 60 हजार वर्गफ ीट जगह को भी विकसित किया जाएगा।

- आवश्यकता होने पर झूलों और फूडकोर्ट के लिए जगह का प्रावधान किया जा सकता है।

प्रमुख व्यापारी रहे साथ में
निरीक्षण के दौरान मेले के प्रमुख बाजारों के प्रमुख व्यापारी भी साथ रहे। फूड कोर्ट के प्रगति महर्षि, सुनील कुमार वैष्णव, सोफ्टी बाजार से प्रमोद लोधा, गोविंद अग्रवाल व ओम प्रकाश गर्ग, झूला बाजार से संगीता गालव, चाट बाजार से कैलाश चंद तथा कैलाश कुमार साथ रहे।