18 जनवरी 2026,

रविवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Kota Dussehra 2022: मेले में 86 लाख के टेंडर को लेकर उठे सवाल, घालमेल पर पर्दा डालने का जतन

Kota Dussehra 2022: राष्ट्रीय दशहरा मेले की तैयारियों को लेकर अधिकारियों व जनप्रतिनिधियों में खींचतान चरम पर है। ऐसे में मेले के आयोजन से जुड़े टेण्डर तक समय पर नहीं हो रहे हैं। अब मेले में टेंडरों को लेकर घालमेल का खेल शुरू हो गया है। ऐसा ही एक मामला मेले में टेंट को लेकर सामने आया है। मेले में 86 लाख रुपए का टेंट लगेगा।

2 min read
Google source verification
टेंडर खुलने के ऐनवक्त पर बढ़ाई तिथि, अब जिस दिन मेला शुरू होगा तब ही खुलेंगे टेण्डर

Kota Dussehra 2022: मेले में 86 लाख के टेंडर को लेकर उठे सवाल, घालमेल पर पर्दा डालने का जतन

Kota Dussehra 2022: राष्ट्रीय दशहरा मेले की तैयारियों को लेकर अधिकारियों व जनप्रतिनिधियों में खींचतान चरम पर है। ऐसे में मेले के आयोजन से जुड़े टेण्डर तक समय पर नहीं हो रहे हैं। अब मेले में टेंडरों को लेकर घालमेल का खेल शुरू हो गया है। ऐसा ही एक मामला मेले में टेंट को लेकर सामने आया है। मेले में 86 लाख रुपए का टेंट लगेगा।

यह भी पढ़ें: Kota Mandi: नए सोयाबीन की आवक, ऊंचे में भाव 5151 रुपए रहे

मेले का उद्घाटन 26 सितम्बर को होना है। मेले में टेंट व्यवस्था के लिए निगम की ओर से निविदाएं आमंत्रित कर 20 सितम्बर को टेण्डर निकालने थेए लेकिन एनवक्त पर टेण्डर प्रक्रिया निरस्त कर आगामी तिथि 26 सितम्बर तय कर दी। जबकि मेले का उद्घाटन भी इसी दिन होगा और रामलीला का मंचन भी इसी दिन से शुरू होगा। टेण्डर प्रक्रिया आगे बढ़ाने से इस बार मेले का शुभारम्भ बिना टेंट व्यवस्था के ही होगा या किसी को उपकृत करने के लिए टेंट बिना टेण्डर के ही लगवा लिया जाएगा।

शर्तो में बदलाव क्यों
टेंट व्यवसायी जवाहर बंसल ने बताया कि मेले में टेंट व्यवस्था के लिए निगम की ओर से 3 सितम्बर को 86 लाख रुपए की निविदाएं आमंत्रित की गई थी। 7 सितम्बर को प्रीबीड बैठक हुईए लेकिन बैठक में मेला अधिकारी के नहीं आने से टेंट व्यवसायी मनीष विजयवर्गीयए भरत खण्डेलवालए नरेशए मनमोहन अग्रवाल सहित अन्य ने डाक बुक में तीन शर्तों में बदलाव के लिए नोटिंग करवा दी। निगम ने दो शर्तों तो मान लीए लेकिन 2019 से 2021 तक सरकारी कार्य कम से कम 40 लाख रुपए का कार्य के सर्टिफिकेट की शर्त को नहीं माना और टेण्डर खोलने की तिथि 20 सितम्बर ही नियत कर दी।

एनवक्त पर टेण्डर प्रक्रिया निरस्त की
बंसल ने बताया कि तीन लोगों ने निविदाएं डाली थी। तीनों ने मंगलवार दोपहर 2 बजे तक डीडी भी जमा करवा दिया और 3 बजे टेण्डर खोलना थाए लेकिन एनवक्त पर टेण्डर खोलने की तिथि 26 सितम्बर को शाम 5 बजे कर दी गई। इसके बाद सर्टिफिकेट की शर्त में बदलाव करते हुए पिछले 10 वर्षों में किसी भी तीन वर्षों के कार्य के सर्टिफिकेट को मान्य कर दिया।

पुतला निर्माण में लगे टेंट का भी टेण्डर नहीं किया
टेंट व्यवसायियों ने बताया कि चहेतों को उपकृत करने के लिए पुतलों के निर्माण स्थल पर लगाए टेंट का टेण्डर नहीं किया गया। अधिकारियों को लग रहा होगा कि शर्तों के हिसाब से चहेती फर्म ही निविदा डालेगीए लेकिन अन्य व्यापारियों के निविदा डाल देने से उनका गणित बिगड़ गया। इसलिए टेंडर आगे बढ़ा दिया।