दादरी कांड में घायल राहुल यादव के परिजनों ने शनिवार को सीएम अखिलेश यादव से मुलाकात की। समाजवादी पार्टी की तरफ से राहुल यादव के परिजनों को दो लाख का चेक दिया गया। इससे पहले भी उन्हेें 5 लाख का चेक दिया जा चुका है। सीएम ने कहा कि सरकार उनकी बेटियों की शादी में आर्थिक मदद भी करेगी। बता दें कि दादरी कांड में मुख्यमंत्री ने मृतक अखलाक के परिजनों को 45 लाख की आर्थिक मदद की थी और घायल बेटे को सरकार की ओर से इलाज भी मुहैया कराया गया था।
घटना के बाद से दादरी में नेताओं का जमावड़ा लग गया था। राहुल गांधी से लेकर अरविंद केजरीवाल और संगीत सो:म समेत दिग्गज नेता गांव पहुंचे थे। घटना के पक्ष-विपक्ष को लेकर नेताओं के बयान भी खूब आए।
दादरी कांड पर राष्ट्रीय अल्पसंख्यक आयोग की रिपोर्ट के मुताबिक, यह घटना कोई अचानक नहीं, बल्कि सोची समझी साजिश का हिस्सा था। रिपोर्ट के मुताबिक, कुछ नेताओं ने दादरी की घटना के बाद आपत्तिजनक बयान दिए, जिसके बाद हालात बद से बदतर हो गए।
क्या है दादरी काण्ड
28 सितंबर की देर रात दादरी के बिसाहड़ा गांव में गौहत्या और गौमांस खाने की अफवाह के बाद अखलाक की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई थी। अफवाह फैली थी कि 50 वर्षीय मुहम्मद अखलाक ने गाय का वध किया है। इसे लेकर गंव के लोग उग्र हो गए और अखलाक के घर हमला बोल दिया, जिसमें उसकी मौत हो गई थी। साथ ही अखलाक का 22 वर्षीय बेटा भी घायल हो गया।
क्यों भड़की थी हिंसा
एक अंग्रेजी अखबार की खबर के मुताबिक यूपी होमगार्ड के एक जवान ने इसकी साजिश रची थी। अंग्रेजी अखबार ने पुलिस के हवाले से बताया कि होमगार्ड ही घटना वाली रात मंदिर पहुंचा था और पुजारी को धमकाकर इस बात का एलान करवाया कि अखलाक का परिवार गौ मांस खाता है। यूपी होमगार्डस के इस कॉन्स्टेबल को हिरासत में लिया गया है। पुलिस के अनुसार अखलाक और होमगार्ड के बीच कोई पुराना विवाद था।