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10 अरब से फोरलेन बनेगा अयोध्या-रायबरेली रोड, अब और सुगम होगा रामनगरी का सफर

भाजपा सांसद लल्लू सिंह ने बताया कि अयोध्या-रायबरेली हाईवे का डीपीआर पहले ही तैयार कर लिया था, जल्द से जल्द जमीन अधिग्रहण की कार्रवाई जल्दी पूरा कराने के लिए कहा गया है, ताकि सड़क का निर्माण कार्य शुरू हो सके

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लखनऊ

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Hariom Dwivedi

Jan 29, 2019

Ayodhya Raebareli highway

अब और सुहाना होगा रामनगर का सफर, 10 अरब से फोरलेन बनेगा अयोध्या-रायबरेली रोड

लखनऊ. लोकसभा चुनाव से पहले भाजपा सरकार अयोध्या को एक और तोहफा देने जा रही है। केंद्र सरकार करीब 10 अरब की लागत से अयोध्या-रायबरेली हाईवे फोरलेन बनाने जा रही है। केंदीय सड़क परिवहन मंत्रालय ने इसका डीपीआर तैयार कर लिया है, जल्द ही इसका निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा। बीते दिनों केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने अयोध्या-रायबरेली को सड़क से हाईवे किए जाने की घोषणा की थी। अगले कुछ महीनों में इस हाईवे पर निर्माण कार्य शुरू हो सकता है। फोरलेन हाईवे बनने से अमेठी, रायबरेली और बाराबंकी समेत कई जिलों से अयोध्या जाने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों की यात्रा सुगम होगी।

प्रोजेक्ट के मुताबिक, अयोध्या-रायबरेली हाईवे के निर्माण पर 1056.41 करोड़ रुपये खर्च होंगे। राजस्व विभाग ने फोरलेन हाईवे के लिए जमीन चिन्हित करने का काम पूरा कर लिया है, जिसके मुताबिक, इस फोरलेन के निर्माण में सड़क के किनारे दोनों और पड़ने वाले बाजारों के साथ 37 गांवों की कुल 40 हेक्टेयर जमीन आ रही है। हाईवे पर पड़ने वाले कस्बों में इस सड़क की चौड़ाई 30 मीटर, जबकि खुले स्थानों इसकी चौड़ाई 40 मीटर होगी।

सांसद बोले- जल्द शुरू होगा सड़क निर्माण कार्य
एक न्यूज एजेंसी से बातचीत में फैजाबाद से भाजपा सांसद लल्लू सिंह ने बताया कि अयोध्या-रायबरेली हाईवे का डीपीआर पहले ही तैयार कर लिया था, जल्द से जल्द जमीन अधिग्रहण की कार्रवाई जल्दी पूरा कराने के लिए कहा गया है, ताकि सड़क का निर्माण कार्य शुरू हो सके।

जमीन हुई चिन्हित
विशेष भूमि अध्याप्ति अधिकारी ब्रजेंद्र द्विवेदी ने बताया कि अयोध्या-रायबरेली हाईवे के लिए जमीन चिन्हित कर ली गई है। अब संयुक्त टीम बनाई गई है, जो जमीन के साथ ही पेड़-पौधों, ट्यूबवेलों के साथ निर्माण कार्यों का मूल्यांकन करेगी। इसके बाद किसानों और जमीनों के मालिकानों को मुआवजे का भुगतान किया जाएगा। इस संयुक्त टीम में राजस्व विभाग के साथ ही लघु सिंचाई, वन विभाग सहित अन्य विभागों की कर्मचारी शामिल हैं।