
Working Women Hostel Scheme : अपना गांव और कस्बा छोड़कर दूरदराज के शहरों में काम करने वाली महिलाओं के लिए यह खबर काफी अहम है। ऐसी महिलाओं के लिए केंद्र सरकार ने कई योजनाएं चला रखी है। इनमें से केंद्र की एक योजना ‘कामकाजी महिला छात्रावास योजना’ (Working Women Hostel Scheme) भी है। इस योजना के तहत केंद्र सरकार कामकाजी महिलाओं को गांव, कस्बा, शहर और बड़े शहरों में रहने के लिए हॉस्टल की सुविधाएं देती है। इसके लिए सरकार कई तरह के बिल्डिंग्स भी बनवा रही है। जिससे महिलाएं बिना किसी परेशानी के दूसरे शहर में भी जाकर नौकरी कर सकें। कामकाजी महिला छात्रावास योजना को केंद्र सरकार के साथ ही राज्य सरकार द्वारा भी चलाया जाता है।
कामकाजी महिला छात्रावास योजना
महिलाओं को नौकरी करके आर्थिक रूप से स्वतंत्र बनाने के लिए सरकार कामकाजी महिला छात्रावास योजना लेकर आई है। इस योजना के तहत दूसरे शहर में रहकर काम करने वाली महिलाओं को सरकार द्वारा हॉस्टल की सुविधा दी जाती है। इस हॉस्टल में महिलाएं सुरक्षित रहकर अपने काम को आसानी से कर सकती है।
इन महिलाओं के लिए है ये सुविधा
बता दें कि कामकाजी महिला छात्रावास योजना के तहत सरकार उन महिलाओं को रहने के लिए हॉस्टल की सुविधा देती है जो काम के चलते अपने शहर से बाहर किसी और शहर में रहती है। यह हॉस्टल अकेली महिला, तलाकशुदा, कामकाजी या विधवा महिलाओं को दिया जाता है । इसके अलावा शादीशुदा महिला को उसके काम के आधार पर भी आवेदन करने की सुविधा मिलती है। इसके साथ ही वह महिलाएं केवल आवेदन कर सकती है जिनकी सैलरी 50,000 रुपये से कम है। इस योजना का लाभ लेने के लिए महिला की उम्र 18 साल से कम होनी चाहिए।
आवेदन के लिए ये दस्तावेज है अनिवार्य
इस योजना में आवेदन के लिए आपको आधार कार्ड, पैन कार्ड, पासपोर्ट, आदि की फोटो कॉपी चाहिए होगी। इसके साथ ही आप जहां काम करती है, वहां के आईडी कार्ड की भी आपको आवश्यकता पड़ेगी। इसके अलावा ऑफिस और मोबाइल नंबर की भी जरूरत पड़ेंगीं।
Published on:
20 Feb 2022 12:00 pm
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