लखनऊ. मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने बुधवार को 'डायल 100' के लोगो एवं एप्प का उद्घाटन किया। उद्घाटन के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा यूपी पुलिस के लिए यह एप्प एक क्रांति है। इस एप्प को मोबाईल में डाऊनलोड करने के बाद सीधे पुलिस से जुड़ा जा सकता है। यूपी पुलिस पूरे राज्य में पहली बार मोबाईल के जरिये उत्तर प्रदेश की जनता से जुड़ गई है। कार्यक्रम के दौरान प्रमुख सचिव गृह देवाशीष पांडा, डीजीपी जावीद अहमद सहित कई पुलिस के अधिकारी और नेतागण मौजूद थे। हलाकि सीएम इससे पहले भी कई एप्प लांच कर चुके हैं।
क्या है खास
- देश की सबसे बड़ी पुलिस बल के रूप में है यूपी पुलिस।
-डायल 100 एक बड़ी परियोजना है।
-10-15 मिनट में घटना स्थल पर पुलिस का पहुंचना किसी भी अच्छे राज्य की पहचान है।
-कानून-व्यवस्था को चुस्त-दुरुस्त बनाने की दिशा में 'डायल 100' बेहद महत्वपूर्ण कोशिश है।
-डायल 100 की मदद से राज्य में कहीं भी, किसी भी समय, सभी नागरिकों को सुरक्षा के लिए कम से कम समय में आपातकालीन सेवा मुहैया करायी जा रही है।
-'डायल 100' के जरिए घटना स्थल पर पुलिस बल के रिस्पाॅन्स टाइम को कम से कम किया गया है।
-100 नम्बर डायल करने पर शहरी क्षेत्रों में दो पहिया वाहन के पुलिस बल के लिए रिस्पाॅन्स टाइम 10 मिनट तथा चार पहिया वाहन के पुलिस बल के लिए 15 मिनट का रिस्पाॅन्स टाइम है।
-ग्रामीण इलाकों में चार पहिया पुलिस बल के लिए रिस्पाॅन्स टाइम 20 मिनट है।
-डायल 100 परियोजना की कुल 2325.33 करोड़ रुपए की लागत है।
-राज्य के किसी भी क्षेत्र से 100 नम्बर डायल करने पर टेलीफोन सीधे इस केन्द्र को प्राप्त होगा।
-इस परियोजना के जरिए पूरे प्रदेश में तत्काल पुलिस सहायता पहुंचाने के लिए 4 हजार 800 वाहनों की व्यवस्था की गयी है।
-इनमें से 1600 दो पहिया पैट्रोल वाहन और 3200 चार पहिया वाहन हैं।
-सभी वाहनों को अत्याधुनिक उपकरणों से लैस हैं।
-प्रत्येक वाहन पर दो पुलिसकर्मियों की दो शिफ्टों में ड्यूटी लगी है।
-प्रत्येक वाहन की वास्तविक भौगोलिक स्थिति की जानकारी वाहन में जी0पी0एस0 उपकरण लगे हैं।
-'डायल 100' लगातार चैबीसों घण्टे कार्य कर रहा है।
-'डायल 100' पर फोन करने वाले व्यक्ति से मदद के बाद उसका फीडबैक भी लिया जा रहा है।
-मुख्यमंत्री ने नागरिकों को बेहतर और उच्च कोटि की सेवाएं मुहैया कराने के लिए इस एप्प का उद्घाटन किया है।