
दिव्या मिश्रा और बहन प्रज्ञा मिश्रा (Facebook Photo प्रज्ञा मिश्रा)
Lucknow Double Murder: लखनऊ के दिव्या मिश्रा हत्याकांड में अब कई सवाल खड़े हो रहे हैं। दिव्या के पति मानस पर हत्या का आरोप है, लेकिन प्रज्ञा मिश्रा ने पूरी घटना की गहराई से जांच की मांग की है। प्रज्ञा ने कहा कि वो चींटी नहीं मार सकता, फिर इतनी बड़ी वारदात कैसे कर सकता है? उन्होंने सवाल उठाया कि जिस घर में एक मजबूत लाठी तक नहीं थी। जहां मानस सब्जी लाने में भी सोचता था, वहां तीन-तीन बंदूकें कहां से आए? प्रज्ञा ने मानस को हत्या के लिए उकसाने वाले व्यक्ति की तलाश की मांग की है।
प्रज्ञा ने वारदात के तरीके को भी जांच का अहम हिस्सा बताया। उन्होंने कहा कि तीनों में से किसी को दूर से गोली नहीं मारी गई, बल्कि सिर में सटाकर गोली मारी गई। उनका सवाल है कि क्या तीनों हत्याओं का तरीका किसी सोची-समझी योजना का हिस्सा था।
प्रज्ञा मिश्रा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर पुलिस से मामले की गहराई से जांच करने की अपील की है। उन्होंने मानस के बारे में कहा कि वह इतना हिंसक नहीं था कि इस तरह का कदम उठा सके। प्रज्ञा का सवाल है कि अगर मानस को इस अपराध के लिए किसी ने उकसाया या मोटिवेट किया, तो वह व्यक्ति कौन था, उन्होंने कहा कि वो चींटी नहीं मार सकता था। प्रज्ञा ने कहा कि किसी व्यक्ति को इस स्तर तक पहुंचाने के पीछे लगातार किसी के भड़काने या प्रभावित करने की भूमिका हो सकती है।
प्रज्ञा ने बैंक से मानस के घर तक के रास्ते को लेकर भी सवाल उठाया। उनका कहना है कि बैंक और घर की दूरी करीब 10-15 मिनट की थी। ऐसे में दिव्या की हत्या के बाद मानस अगले 35-45 मिनट तक कहां रहा। उन्होंने सवाल किया कि क्या मानस रास्ते में कहीं रुका था, अगर रुका तो किसके पास रुका था। क्या उसके घर में कोई तीसरा व्यक्ति मौजूद था। प्रज्ञा ने यह भी सवाल उठाया कि क्या दिव्या की हत्या मानस ने की और बाद में मानस और शीबा को किसी अन्य व्यक्ति ने मार दिया।
प्रज्ञा ने मानस के पास से मिले तीन हथियारों पर भी गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि जिस घर में एक मजबूत बांस की लाठी तक नहीं थी, वहां दो पिस्टल और एक देसी तमंचा कैसे पहुंचे। उन्होंने सवाल किया कि मानस को ये हथियार किसने दिए और कौन उसे इस हत्याकांड के लिए मोटिवेट कर रहा था।
दिव्या मिश्रा की हत्या के बाद मानस के व्हाट्सऐप स्टेटस को लेकर भी प्रज्ञा ने सवाल उठाया। बताया गया कि स्टेटस में दिव्या पर चीट करने का आरोप लगाया गया था। साथ ही हत्या की वजह प्रज्ञा और उनके पति गगन को पता होने की बात लिखी गई थी। प्रज्ञा का सवाल है कि मानस आमतौर पर हिंग्लिश में लिखता था, फिर अंतिम स्टेटस अंग्रेजी में क्यों था, क्या यह स्टेटस किसी और ने अपडेट किया।
उन्होंने यह भी कहा कि तलाक का मामला पहले से चल रहा था। अगर मानस को लगता था कि दिव्या उसे चीट कर रही है तो वह इस बात को तलाक के मामले में अपने पक्ष में इस्तेमाल कर सकता था। ऐसे में प्रज्ञा ने सवाल उठाया कि क्या चीट शब्द पुलिस को भटकाने के लिए लिखा गया
प्रज्ञा का कहना है कि पिस्टल और तमंचे अपने आप घर में नहीं आए होंगे। पुलिस को यह पता लगाना चाहिए कि ये हथियार कहां से आए और इन्हें किसने उपलब्ध कराया। उन्होंने कहा कि अगर जांच में इन सवालों के जवाब नहीं मिलते और हथियारों के स्रोत का पता नहीं चलता तो मामले की किसी दूसरी एजेंसी से भी जांच कराई जानी चाहिए। प्रज्ञा ने कहा कि उनकी बहन दिव्या और मानस की बहन शीबा दोनों को न्याय मिलना चाहिए।
Updated on:
24 Aug 2026 03:06 pm
Published on:
24 Aug 2026 03:06 pm
