1 फ़रवरी 2026,

रविवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

लखनऊ

Diwali 2018 : बन रहा स्वाति नक्षत्र का दुर्लभ संयोग, इस समय पर करें पूजा, पूरी होगी सारी मनोकामनाएं

स्वाति नक्षत्र रात्रि 8.16 बजे तक रहेगा, उसके बाद रात्रि में 9.20 बजे से कार्तिक शुक्ल पक्ष लग जाएगा।

Google source verification

लखनऊ. इस बार की दीपावली काफी खास होगी। दीपावली पर दुलर्भ संयोग बन रहा है। इस दिन स्वाति नक्षत्र का दुर्लभ संयोग प्रदोष काल में व्याप्त होने से दीपोत्सव के दिन पूजन करने से समस्त कामनाओं की पूर्ति होगी। दीपावली के दिन स्वाति नक्षत्र रात्रि 8.16 बजे तक रहेगा, उसके बाद रात्रि में 9.20 बजे से कार्तिक शुक्ल पक्ष लग जाएगा। ऐसे में 9.19 बजे तक हर हाल में दीपावली का पूजन कर लेना चाहिए। इस बार सात नवंबर बुधवार को दीपावली है। दीपावली कार्तिक मास की अमावस्या तिथि कार्तिक मास की अमावस्या तिथि सात नवंबर को दीपावली का पर्व मनाया जाएगा।

करें मां काली का पूजन

ज्योतिषाचार्य पंडित अशोक कुमार पांडेय ने बताया कि इस बार अमावस्या तिथि ६ नवंबर को रात्रि 10.07 बजे लग रही है जो सात नवंबर को रात्रि 9.19 बजे तक रहेगी। दीपावली के दिन स्वयं सिद्ध मुहूर्त होता है। इस दिन किसी भी तरह का शुभ कार्य कर सकते हैं। दीपावली के दिन मां महालक्ष्मी का पूजन करने से पद, प्रतिष्ठा और ऐश्वर्य की प्राप्ति होती है। निशीथ काल में मां काली का पूजन छह नवंबर की रात में होगा क्योंकि अमावस्या इसी दिन है। दीपावली के दिन सायं काल देव मंदिरों में दीपदान तो रात्रि के अंतिम प्रहर में दरिद्रा निस्तारण होगा। दीपावली के दिन श्रीस्रोत्रम, कनकधारा स्रोत्रम, लक्ष्मी चालीसा, लक्ष्मी मंत्र आदि का पाठ-जप करना चाहिए। इससे आपके यश और वैभव में वृद्धि होगी।

इस समय करें पूजन

दीपावली के पूजन का प्रमुख काल प्रदोष काल माना जाता है। दीपावली पूजन का मुहूर्त सात नवंबर को स्थिर लग्न वृषभ शाम 6.03 से रात 8 बजे तक उत्तम रहेगा। इसके पहले भी पूजन किया जा सकता है। स्थिर लग्न कुंभ दोपहर में 1.27 बजे से 2.58 बजे तक शुभ रहेगा। हालांकि इस बार स्थिर लग्न सिंह अमावस्या में नहीं मिल रहा है, अत: हर सनातनी को रात्रि 9.19 से पूर्व पूजन अवश्य करना चाहिए।