
लखनऊ. विश्व मधुमेह दिवस ( World Diabetes Day ) के अवसर पर राजधानी लखनऊ में ग्लोबल डायबिटीज वॉक (Global Diabetes Walk) का आयोजन हुआ। इस पदयात्रा को प्रदेश के एडीजी कानून-व्यवस्था आनंद कुमार ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस पदयात्रा की शुरुआत 1090 चौराहे से हुई और समापन लोहिया पार्क पर हुआ। इस पदयात्रा में एनसीसी, एनएसएस स्वयंसेवकों सहित बड़ी संख्या में स्वैच्छिक संगठनों के लोग मौजूद रहे। कार्यक्रम में लखनऊ के सीएमओ डाक्टर जी एस बाजपेई, केजीएमयू के प्रोफेसर नरसिंह वर्मा, एनएसएस के डाक्टर अंशुमाली शर्मा, एनएचएम के डाक्टर अमरेश बहादुर, डाक्टर अनिल मिश्रा व अन्य लोग मौजूद रहे।
कार्यक्रम के समन्यवक वर्ल्ड डायबिटीज फाउंडेशन के उत्तर प्रदेश प्रोजेक्ट मैनेजर डाक्टर राजेश जैन ने बताया कि कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश सरकार, स्वास्थ्य विभाग, गैर सरकारी संगठनों, शैक्षणिक संगठनों के लोगों ने बड़ी संख्या में हिस्सा लिया। उन्होंने बताया कि तेजी से बढ़ रही यह बीमारी वर्तमान समय में बेहद खतरनाक रूप ले चुकी है। इस बीमारी पर नियंत्रण के लिए जन जागरूकता बेहद जरूरी है। स्कूली विद्यार्थियों कर भविष्य में प्रभाव को बढ़ने से रोका जा सकता है और बीमारी को लेकर जागरूकता के प्रसार में मदद मिल सकती है।
कार्यक्रम में मौजूद विश्व डायबिटीज फाउंडेशन ( World Diabetes Foundation) के अंतर्राष्ट्रीय अध्यक्ष डाक्टर अनिल कपूर ने उत्तर प्रदेश में डायबिटीज जागरूकता को लेकर चलाये जा रहे अभियान के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश के सभी 75 जिलों में डायबिटीज दिवस पर पदयात्रा और जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया है। उन्होंने कहा कि बदलती जीवन शैली और लोगों में शारीरिक श्रम की घटती प्रवृत्ति इस बीमारी का सबसे बड़ा कारण है। ग्लोबल वॉक के आयोजन का मकसद लोगों में इस बात को लेकर जागरूकता पैदा करना है कि वे अपनी सेहत को लेकर जागरूक रहें। उन्होंने उत्तर प्रदेश में इस बीमारी का बेहद तेज गति से प्रसार हो रहा है।
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Published on:
14 Nov 2017 11:46 am
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