उनका कहना है कि सरकार सस्ता आवास और किसानों की आय बढ़ाने का सपना देख रही है लेकिन अगर प्लाईवुड उद्योग प्रभावित हुए हुआ था तो आवासों के लिए ना ही प्लाईवुड का बेहतर उत्पादन हो पाएगा और न ही किसान पॉपलर की लकड़ी की खेती से बेहतर आय अर्जित कर पाएगा।यूपी में लगभग 500प्लाईवुड उत्पादक हैं जो कि लखनऊ, कानपुर , सुहारनपुर के आसपास रहते हैं। केवल लखनऊ में ही लगभग 60 मैनुफैक्चरर रहते हैं।