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International Tea Day 2022: चाय को इकोनॉमिक्स से ग्रेजुएट लड़की ने बनाया अपना कैरियर

International Tea Day 2022 वैसे हम आप को बता दें आज अंतरराष्‍ट्रीय चाय दिवस है। चाय के दीवानों के लिए बेहद खास दिन। अगर यूपी में हम चाय की बात करें तो हर शहर में एक मशहूर चाय की दुकान है। जहां पर चाय के शौकीनों का अड्डा लगता है। इकोनॉमिक्स से ग्रेजुएट एक लड़की ने नौकरी न मिलने पर चाय का ठेला लगाना शुरू कर दिया। अब हम आपको बताने जा रहे हैं कैसे एक लड़की ने चाय को अपना कैरियर बनाया। और अंतरराष्‍ट्रीय चाय दिवस का जन्म कैसे हुआ।

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International Tea Day 2022: चाय को इकोनॉमिक्स से ग्रेजुएट लड़की ने बनाया अपना कैरियर

International Tea Day 2022: चाय को इकोनॉमिक्स से ग्रेजुएट लड़की ने बनाया अपना कैरियर

International Tea Day 2022 चाय की चुस्कियों के यूपी में एक नहीं ढेर सारे दीवानें हैं। चाय की लोकप्रियता का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि चाय की खपत में भारत, विश्व में पहले स्थान पर है। भारत में हर साल लगभग 6,200,000 टन चाय पीते हैं। वैसे हम आप को बता दें आज अंतरराष्‍ट्रीय चाय दिवस है। चाय के दीवानों के लिए बेहद खास दिन। अगर यूपी में हम चाय की बात करें तो हर शहर में एक मशहूर चाय की दुकान है। जहां पर चाय के शौकीनों का अड्डा लगता है। चाय के साथ राजनीति, कैरियर व तमाम सुख और दुख शेयर किए जाते हैं। अब तो युवा भी चाय को अपना कैरियर बना रहे हैं। और ढेर सारी लोकप्रियता और पैसा कमा रहे हैं। हम भी आपको एक ताजा उदाहरण दे रहे हैं। पटना के महिला कॉलेज के पास इकोनॉमिक्स से ग्रेजुएट एक लड़की ने नौकरी न मिलने पर चाय का ठेला लगाना शुरू कर दिया। अब आप कहेंगे यूपी से पटना का क्या मतलब। जीहां, इनका यूपी कनेक्शन है। इन्होंने वाराणसी के काशी विद्यापीठ से इकोनॉमिक्स में ग्रेजुएशन कम्पलीट किया है। तो अब हम आपको बताने जा रहे हैं कैसे एक लड़की चाय को अपना कैरियर बनाया। और अंतरराष्‍ट्रीय चाय दिवस का जन्म कैसे हुआ।

आज अंतरराष्‍ट्रीय चाय दिवस है। दुनियाभर के चाय उत्पादक देश 2005 से 15 दिसंबर को हर साल अंतरराष्ट्रीय चाय दिवस के रूप में मनाते थे। पर वर्ष 2015 में संयुक्त राष्ट्र के खाद्य एवं कृषि संगठन के माध्यम से आधिकारिक तौर पर अंतरराष्ट्रीय चाय दिवस मनाने का प्रस्ताव संयुक्त राष्ट्र संघ में रखा गया, जिसे 21 दिसंबर, 2019 को मान्यता मिली। और 21 मई को अंतरराष्ट्रीय चाय दिवस घोषित कर दिया गया। मान्यता मिलने के बाद 21 मई 2020 पहली बार अंतरराष्‍ट्रीय चाय दिवस मनाया गया।

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अंतरराष्ट्रीय चाय दिवस 2022 की थीम 'Celebrating Tea Around The World' दुनियाभर में चाय का जश्न मनाना है। इसके साथ ही Tea Day एक आदर्श वाक्य के साथ मनाया जाता है जो 'From Field to Cup' फील्ड से लेकर कप तक है।

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चाय के दीवाने लोग हर गली पर चाय के प्याले की तलाश करते हैं। तो गलियों में चाय बेचने वालों की अजीविका इन्ही से चलती है। चाय से कई लोगों को रोजगार भी मिला है। अच्छी जॉब न मिलने को अपनी कमजोरी न मानकर प्रियंका गुप्ता (24 वर्ष) ने पटना के महिला कॉलेज के सामने एक चाय का ठेला लगाना शुरू कर दिया। प्रियंका गुप्ता का यूपी कनेक्शन यह है कि, इन्होंने वाराणसी के काशी विद्यापीठ से ग्रेजुएशन कम्पलीट किया है। कम्पटिशन एग्जाम में सफलता न मिलने पर प्रियंका गु्प्ता ने आत्मनिर्भर भारत के तहत खुद का बिजनेस शुरू कर दिया। उन्होंने 11 अप्रैल 2022 को चाय बेचने का काम शुरू किया। प्रियंका की चाय के दुकान में लिखे स्लोगन सभी को प्रभावित कर रहे हैं। दुकान के बोर्ड की पंचलाइन है “पीना ही पड़ेगा” और “सोच मत चालू कर दे बस”। प्रियंका ने बताया कि लोन न मिलने पर एक दोस्त से उधार पैसे लेकर अपना बिजनेस शुरू किया। प्रियंका की दुकान में कुल्हड़ चाय, मसाला चाय, पान चाय और चॉकलेट चाय लोगों बेहद पसंद कर रहे हैं। चाय की कीमत 15 से 20 रुपए है।