राजधानी स्थित जयनारायण पीजी कॉलेज (जेएनपीजी) में अब बायोमेट्रिक अटैंडेंस लगेगी। ये लखनऊ का पहला ऐसा एडेड कॉलेज होगा जहां इस तरह से अटैंडेंस लगेगी।
लखनऊ. राजधानी स्थित जयनारायण पीजी कॉलेज (जेएनपीजी) में अब बायोमेट्रिक अटैंडेंस लगेगी। ये लखनऊ का पहला ऐसा एडेड कॉलेज होगा जहां इस तरह से अटैंडेंस लगेगी। ऐसे में जब तक छात्र बायोमिट्रिक मशीन में अपनी उपस्थिति नहीं दर्ज कराएंगे उनकी अटेंडेंस नहीं मानी जाएगी। गौरतलब है कि एलयू के एडेड कॉलेज में जेएनपीजी पहला कॉलेज है जहां बायोमिट्रिक उपस्थिति लागू की जा रही है।
जेएनपीजी इतनी बड़ी संख्या में छात्रों की बायोमैट्रिक उपस्थिति दर्ज कराने वाले राजधानी का पहला कॉलेज होगा। जेएनपीजी कॉलेज में करीब 10 हजार छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैं। इनमें छह हजार छात्र और चार हजार छात्राएं हैं। अब तक यहां क्लासरूम में शिक्षकों द्वारा इनकी उपस्थिति दर्ज की जाती रही है। इसमें आधा समय अटेंडेंस में चला जाता था। इसी कारण कॉलेज ने ये फैसला लिया है।
-केकेसी में होगी बायोमिट्रिक अटेंडेंस
- शहर का पहला एडेड कॉलेज जहां लागू होगी यह व्यवस्था
-कॉलेज में पढ़ रहे हैं दस हजार से अधिक विद्यार्थी
-75 प्रतिशत से कम उपस्थिति पर परीक्षा नहीं दे सकेंगे छात्र
लखनऊ विश्वविद्वालय में भी हर साल अटेंडेंस का विवाद होता है। जिन्हें परीक्षा से रोका जाता है वो हंगामा करते हैं। काफी समय से चर्चा चल रही है कि बायोमिट्रिक अटेंडेंस दर्ज करवाई जाएगी ताकि यह समस्या खत्म हो जाए लेकिन आज तक इस पर कोई कदम नहीं उठाया जा सका है। कॉलेज के प्रिंसिपल एसडी शर्मा ने बताया कि विवि की ओर से परीक्षा के लिए 75 प्रतिशत अटेंडेंस की अनिवार्यता रखी है। ऐसे में बायोमिट्रिक अटेंडेंस होने से हर छात्र की सही अटेंडेंस पता चल सकेगी। इसमें अगर कोई शिक्षक चाहेगा तो भी कोई फर्जीवाड़ा नहीं कर सकेगा क्योंकि उसकी शिक्षकों का इसमें कोई हस्तक्षेप नहीं होगा। मैनुअल अटेंडेंस में सबकुछ टीचर्स के हाथ में होता है। वहीं समाज कल्याण की ओर से भी छात्रवृत्ति के लिए छात्र की अटेंडेंस का ब्योरा देना होता है। इस व्यवस्था से इसमें भी आसानी हो जाएगी।