
विपक्ष के प्रदर्शन पर बरसे केशव मौर्य (photo- insta @official_kpmaurya)
Keshav Prasad Maurya Statement: उत्तर प्रदेश के डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने संसद में विपक्ष के प्रदर्शन को लेकर समाजवादी पार्टी पर निशाना साधा। उन्होंने सपा पर हिंदू विरोधी रुख अपनाने, अपराधियों और दंगाइयों के साथ खड़े होने और कानून-व्यवस्था बिगाड़ने वाली ताकतों को संरक्षण देने जैसे आरोप लगाए।
केशव मौर्य ने कहा कि समाजवादी पार्टी फिलहाल प्रदेश में सरकार बनाने की स्थिति में नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि सपा मुस्लिम वोटों को अपने पक्ष में मजबूत करने के लिए तुष्टिकरण की राजनीति कर रही है। डिप्टी सीएम के मुताबिक, ऐसी राजनीति के जरिए प्रदेश में कानून-व्यवस्था को प्रभावित करने वाला माहौल बनाने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश अब सुशासन और विकास के रास्ते पर आगे बढ़ रहा है और सरकार इसी दिशा में काम करती रहेगी।
मौर्य ने सपा पर हमला बोलते हुए कहा कि पार्टी का इतिहास अपराधियों और दंगाइयों के पक्ष में खड़े होने का रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि सपा ने अपने राजनीतिक हितों के लिए ऐसे लोगों को संरक्षण दिया। हालांकि, ये आरोप केशव प्रसाद मौर्य के राजनीतिक बयान हैं। सपा की ओर से इन आरोपों पर प्रतिक्रिया आने पर उसका पक्ष भी इस मामले में महत्वपूर्ण होगा।
डिप्टी सीएम ने झारखंड में छात्रों के आंदोलन पर भी अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि छात्रों का प्रदर्शन जायज है और वहां भर्ती प्रक्रिया में भ्रष्टाचार को लेकर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। उन्होंने कहा कि छात्रों की मांगों को सरकार को बातचीत के जरिए सुनना चाहिए और उनकी समस्याओं का समाधान निकालना चाहिए।
केशव मौर्य ने झारखंड की स्थिति की तुलना दिल्ली के जंतर-मंतर पर हुए छात्र प्रदर्शन से की। उनका कहना था कि जंतर-मंतर पर छात्रों के मुद्दे को लेकर केंद्र सरकार ने बातचीत का रास्ता अपनाया और उनकी मांगों पर सहमति बनाई। इसके उलट उन्होंने आरोप लगाया कि झारखंड सरकार छात्रों की मांगों को लेकर कठोर रुख अपना रही है।
केशव मौर्य ने आरोप लगाया कि झारखंड सरकार राहुल गांधी के निर्देश पर काम कर रही है। उन्होंने विपक्ष पर दोहरे रवैये का आरोप लगाते हुए कहा कि संसद में जंतर-मंतर से जुड़े मुद्दे पर प्रदर्शन किया जा रहा है, लेकिन झारखंड में छात्रों के आंदोलन को लेकर विपक्ष चुप है। उन्होंने कहा कि छात्रों के मुद्दे को राजनीतिक नजरिए से नहीं, बल्कि उनकी समस्याओं और भविष्य से जोड़कर देखा जाना चाहिए।
Updated on:
13 Aug 2026 02:53 pm
Published on:
13 Aug 2026 02:53 pm
