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भाजपा को बड़ा झटका, यह मुस्लिम निर्दलीय प्रत्याशी बनी सबसे कम उम्र की पार्षद

भाजपा को बड़ा झटका, मुस्लिम निर्दलीय

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लखनऊ

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Abhishek Gupta

Dec 01, 2017

Safia

Safia

लखनऊ. नगर निगम चुनाव के नतीजे वाकई में हैरान करने वाले हैं। इसी कड़ी में पता चला है कि एक मुस्लिम महिला प्रत्याशी ने लखनऊ में पार्षद का चुनाव जीत लिया है। लखनऊ के जोन-2 के वॉर्ड नंबर- 34 की 23 वर्षीय निर्दलीय प्रत्याशी सादिया रफीक ने जीत दर्ज की है। सादिया ने भाजपा की अर्चना द्विवेदी को करीब 535 वोटों से मात दे दी है। इसी के साथ वे सबसे कम उम्र की पाषर्द बनी हैं। सादिया ने कुल 3170 वोट हासिल किए थे, वहीं भाजपा की अर्चना को 2635 वोट मिले है।

एमिटी यूनिवर्सिटी की स्टूडेंड है साफिया-

सादिया एमिटी यूनिवर्सिटी से मॉस कम्यूनिकेशन की पढ़ाई कर रही हैं। सादिया ने एक अखबार को इंटर्व्यू में बताया है कि उनकी शुरू से ही राजनीति में रुचि थी। अपने वार्ड की समस्याएं गिनाते हुए उन्होंने कहा कि उनके वार्ड में युवतियां, महिलाएं और छोटे बच्चे बाहर से पानी भरते हैं। सबसे पहले इस समस्या को खत्म करने का प्रयास करूंगी। उन्होंने कहा कि पूरी कोशिश रहेगी कि महिलाओं को किसी तरह की परेशानी नहीं हो। उन्होंने इस जीत को अपने माता-पिता और जनता को समर्पित किया है।

पोस्टल बैलट की गिनती में भाजपा अव्वल-

प्रदेश के सोलह नगर निगमों में पोस्टल बैलट की गिनती में सभी 16 नगर निगम में भाजपा ही आगे रही। इलाहाबाद में अभिलाषा गुप्ता, कानपुर में प्रमिला पाण्डेय, लखनऊ में संयुक्ता भाटिया , अलीगढ़ में राजीव अग्रवाल, मुरादाबाद में विनोद अग्रवाल, वाराणसी में मृदुला जायसवाल और गोरखपुर में सीताराम जायसवाल को पोस्टर बैलट के मतों में 70 फीसदी से ज्यादा मत हासिल हुए। पोस्टल बैलट की लड़ाई में भाजपा की जीत को सरकारी कर्मचारियों के बीच भाजपा की स्वीकार्यता के रूप में देखा गया है।

79113 नेताओं का भाग्य तय करेगा यूपी की सियासत-

निकाय चुनावों में 16 नगर निगम समेत 198 नगर पालिका परिषद और 438 नगर पंचायतों के प्रमुखों के साथ-साथ पार्षदों/सभासदों के पदों के नतीजे यूपी की सियासत की दिशा तय करेंगे। निकाय चुनावों ने लोकसभा और विधानसभा चुनावों में चारो खाने चित हुई बसपा और पार्टी सुप्रीमो मायावती को नई ऊर्जा से लबरेज किया है। तीन चरणों में हुए निकाय चुनावों में कुल 79,113 उम्मीदवार चुनावी मैदान में थे। मतगणना सभी 75 जिलों के 334 केंद्रों पर जारी है। गौरतलब है कि तीन चरणों की वोटिंग में कुल मिलाकर 52.50 फीसदी मतदान हुआ था।

11200 टेबल पर 56 हजार कर्मचारी-

राज्य निर्वाचन आयोग ने चुनावी नतीजों को जल्द सामने लाने के लिए पुख्ता इंतजार किए हैं। प्रदेश के 334 मतगणना स्थानों पर 11,200 टेबल पर 56 हजार कर्मचारी मुस्तैद किए गए हैं। मेयर और अध्यक्ष पद के लिए 6 हजार मतगणना टेबल, जबकि पार्षद और सभासदों के पदों के लिए 5,200 टेबल पर गिनती जारी है। चुनाव के नतीजे मतगणनास्थल से ही आयोग की वेबसाइट (http://sec.up.nic.in) पर अपलोड करने की व्यवस्था है। इसके बाद आयोग की वेबसाइड से प्रमाणपत्र की कॉपी निकालकर आरओ की हस्ताक्षर के बाद वापस वेबसाइट पर स्कैन करके अपलोड करने का इंतजाम पहली मर्तबा हुआ है। मतगणना पर नजर रखने के लिए सभी मतगणना केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। इसके साथ ही वेबकास्टिंग कराई जा रही है।

वेबसाइट व मोबाइल एप से मिलेंगे सभी नतीजे-

राज्य निर्वाचन आयोग की वेबसाइट (http://sec.up.nic.in) पर रिजल्ट लाइव देखने की सुविधा भी मिली। इसके अलावा स्टेट इलेक्शन कमीशन यूपी नाम से मोबाइल एप के जरिये भी परिणाम उपल्बध रहे। निर्वाचन आयोग की वेबसाइट पर पार्टी आधारित रिजल्ट के साथ-साथ डैशबोर्ड पर 75 जिलों के पदों का विवरण भी मुहैया मिला। गौरतलब है कि पहले चरण में 52.59 फीसदी, दूसरे चरण में 49.30 प्रतिशत और तीसरे चरण में 58.72 मतदान हुआ था।