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नगर निकाय चुनाव में बढ़ाई गई खर्च की सीमा, जानिए किन पदों के प्रत्याशी कितना कर सकते हैं खर्च

राज्य निर्वाचन आयुक्त ने निकाय चुनाव की तिथियों के ऐलान के साथ ही प्रत्याशियों के चुनाव खर्च की सीमा भी बढ़ा दी है।

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लखनऊ

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Laxmi Narayan

Oct 27, 2017

S K Agarwal

लखनऊ. नगर निकाय चुनाव 2017 की तिथियों का ऐलान करने के साथ ही इस बार राज्य निर्वाचन आयोग ने प्रत्याशियों को चुनाव खर्च की सीमा बढ़ाते हुए कुछ राहत दी है। राज्य निर्वाचन आयुक्त ने निकाय चुनाव की तिथियों के ऐलान के साथ ही प्रत्याशियों के चुनाव खर्च की सीमा भी बढ़ा दी है। महापौर, नगर पालिका अध्यक्ष, नगर पंचायत अध्यक्ष सहित पार्षदों के प्रत्याशियों के लिए चुनाव में होने वाली खर्च की सीमा बढ़ा दी गई है।

20 से 25 लाख तक खर्च कर सकेंगे मेयर प्रत्याशी

राज्य निर्वाचन आयुक्त एस के अग्रवाल ने बताया कि चुनाव खर्च की अधिकतम सीमा वर्ष 2006 के बाद से बढ़ाई नहीं गई है।इस बार चुनाव पर खर्च की सीमा बढ़ा दी गई है। जिन नगर निगमों में 80 या उससे अधिक वार्ड हैं, उन पर महापौर के प्रत्याशी 25 लाख रूपये तक खर्च कर सकेंगे। अब तक यह सीमा 12.5 लाख रूपये थी। लखनऊ और कानपुर नगर निगमों में वार्डों की संख्या 80 से अधिक है। ऐसे नगर निगम जिनमें वार्डों की संख्या 80 से कम हैं, उनमें प्रत्याशी 20 लाख रूपये खर्च कर सकेंगे। नगर निगम के पार्षद पद के प्रत्याशी चुनाव पर अधिकतम 2 लाख रूपये खर्च कर सकेंगे।

पालिका और पंचायतों के प्रत्याशियों के लिए भी बढ़ी अधिकतम सीमा

इसी तरह नगर पालिका और नगर पंचायतों के प्रत्याशियों के लिए भी खर्च की सीमा बढ़ाई गई है। ऐसे नगर पालिका परिषद जिनके वार्डों की संख्या 41 से 55 के बीच हैं, उनमें अध्यक्ष पद के प्रत्याशी 8 लाख रूपये तक खर्च कर सकेंगे। जिन नगर पालिका परिषदों में वार्डों की संख्या 25 से 40 हैं, उन पर अध्यक्ष पद के प्रत्याशी 6 लाख रूपये तक खर्च कर सकती है। नगर पालिका परिषदों के सदस्य पद के लिए चुनाव खर्च की अधिकतम सीमा 1.5 लाख रूपये निर्धारित की गई है। नगर पंचायत के अध्यक्ष और सदस्य पदों के प्रत्याशियों के लिए भी चुनाव खर्च की सीमा बढ़ाई गई है। अध्यक्ष पद के लिए चुनाव खर्च की अधिकतम सीमा 1.5 लाख रूपये और सदस्यों के लिए चुनाव में खर्च की अधिकतम सीमा 30 हज़ार रूपये निर्धारित की गई है।