
लखनऊ. तहजीब के लिए मशहूर राजधानी में निवेश की महफिल में आए मेहमानों का खास ख्याल रखने का इंतजाम है। समूचे शहर को दुल्हन जैसा सजाया-संवारा गया है। कदम-कदम पर देश-परदेस के निवेशकों के इस्तकबाल के लिए तोरणद्वार बनाए गए हैं। रास्तों को धोकर साफ-सुथरा कर दिया गया है। एलईडी लाइट्स की झिलमिल रोशनी दीपावली-धनतेरस जैसा अहसास करा रही है। मेहमानों को मंजिल तक पहुंचाने के लिए मर्सिडीज, बीएमडब्ल्यू जैसी कारों का काफिला तैयार किया गया है, जबकि सुरक्षा में तैनात पुलिस कर्मचारी सूट-बूट और टाई में नजर आएंगे।
शहर के प्रमुख चौराहों पर दीपावली जैसा नजारा
इन्वेस्टर्स समिट की तैयारियों के लिए एलडीए अब तक सौंदर्यीकरण पर करीब सात करोड़ रुपए खर्च कर चुका है। शहर के सभी प्रमुख चौराहों पर सजावट के साथ-साथ लैंडस्केपिंग से लेकर सडक़ बनाने, डिवाइडर्स की मरम्मत, चौराहों को संवारने, पौधे लगाने और सफाई के काम कराए गए हैं। आयोजनस्थल इंदिरागांधी प्रतिष्ठान को नए सिरे से संवारा गया है। इंवेस्टर्स मीट में उत्तर प्रदेश में 3 लाख करोड़ से ज्यादा का निवेश मुमकिन है। इसी नाते मेहमानों के लिए खास इंतजाम किये गये हैं। सरकारी सफेद एंबेस्डर छोडि़ए, मेहमानों के लिए इनोवा और फार्चूनर जैसी कारों से भी परहेज किया गया है। निवेशकों के लिए करीब 100 वीवीआईपी कारों का ब़ेडा लखनऊ पहुंच चुका है।
सुरक्षा में सिर्फ चुस्त-दुरुस्त पुलिस तैनात होगी
इंवेस्टर्स समिट के दौरान इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान (आईजीपी) से पार्किंग स्थल तक 800 मीटर के दायरे में 40 मिनट तक 3000 वीवीआईपी वाहनों के आवागमन की चुनौती से निपटने को पुलिस तैयार है। सुरक्षा तैयारियों को जांचने के लिए मंगलवार सुबह रियल टाइम में फाइनल रिहर्सल भी हुई। लखनऊ जोन के एडीजी राजीव कृष्ण ने बताया कि निवेशको के सामने यूपी की बेहतर तस्वीर प्रस्तुत करने के लिए सिर्फ ऐसे लोगों को टीम में शामिल किया गया है, जोकि चुस्त-दुरुस्त हैं। यानी ठुलमुल और तोंद वाले दारोगाओं और सिपाहियों की तैनाती सिर्फ चौराहों पर होगी। इंवेस्टर्स मीट में सुरक्षा के लिए तैनात यूपी पुलिस का कलेवर भी बदला हुआ नजर आएगा। सुरक्षा में तैनात यूपी पुलिस के जवान खाकी वर्दी नहीं, बल्कि स्मार्ट कोट पैंट में दिखेंगे। जवानों के लिए सफेद शर्ट, ग्रे पैंट और नीले कोट का ड्रेस कोड तैयार किया गया है।
अब पिछड़ा नहीं, अमीर प्रदेश है यूपी
योगी सरकार निवेशकों को रिझाने का कोई मौका नहीं छोडऩा चाहती। इसीलिए वो तमाम तैयारियां की जा रही हैं जो निवेशकों को ये भरोसा दिला सके कि उत्तर प्रदेश अब कोई पिछड़ा प्रदेश नहीं बल्कि निवेश के लिए देश का सबसे बड़ा प्रदेश है। पिछले साल सत्ता में आने के बाद राज्य की तस्वीर में जिस बदलाव की बात मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने की थी, वो तस्वीर इंवेस्टर्स मीट के जरिए दिखाने की सरकार की कोशिश है। समिट के लिए सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रहेगी। राजधानी में तैनात पुलिस अधिकारियों-कर्मचारियों के अलावा बाहर से फोर्स मंगाई गई है। पैरा मिलेट्री फोर्स का इंतजाम अलग से किया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सुरक्षा को एसपीजी की टीम और एनएसजी के कमांडो रहेंगे। आईजीपी और प्रीमियम होटलों के आसपास की हाई राइज बिल्डिंगों में स्नाइपर्स तैनात रहेंगे। एंटी सेबोटाज टीम ने आईजीपी का कोना-कोना खंगाल लिया है।
Published on:
20 Feb 2018 02:46 pm
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