
प्रधानमंत्री ने मन की बात कार्यक्रम में यूपी में डाल्फिन के सफल बचाव का किया जिक्र, PC- ANI
लखनऊ : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को अपने 134वें मन की बात संबोधन में उत्तर प्रदेश में गंगा नदी में डॉल्फिन के सफल बचाव का जिक्र करते हुए 'नमामि गंगे अभियान' की सराहना की। उन्होंने इसे 'आशा की एक किरण' बताया।
प्रधानमंत्री मोदी ने एक वायरल वीडियो का हवाला देते हुए बताया कि उत्तर प्रदेश में एक गंगा डॉल्फिन नहर में फंस गई थी। 'नमामि गंगे' के तहत देश की पहली गंगा डॉल्फिन बचाव एम्बुलेंस को तुरंत मौके पर भेजा गया। 13 घंटे के सावधानी भरे ऑपरेशन के बाद डॉल्फिन को सुरक्षित बाहर निकाला गया, उसकी जांच और इलाज किया गया। इसके बाद उसे राप्ती नदी में छोड़ दिया गया। PM मोदी ने कहा, 'यह एम्बुलेंस वहां आशा की किरण बनकर पहुंची। एक जीवन अपने घर लौट आया।'
यह वाहन एक मोबाइल हॉस्पिटल की तरह काम करता है। इसमें ऑक्सीजन, विशेष स्ट्रेचर और डॉल्फिन बचाव के आधुनिक उपकरण मौजूद हैं। प्रधानमंत्री ने बताया कि यदि कोई डॉल्फिन घायल हो, नहर में फंस जाए या नदी से अलग हो जाए, तो इस एम्बुलेंस के जरिए तुरंत मदद पहुंचाई जा सकती है। इससे एक जीव की जान बचेगी।
PM मोदी ने जोर देकर कहा कि गंगा डॉल्फिन को बचाना सिर्फ एक प्रजाति को बचाना नहीं है, बल्कि गंगा की पूरी जैव-विविधता और नदी की जीवन प्रणाली को बचाना है।
प्रधानमंत्री ने उत्तर प्रदेश के बस्ती जिले के युवा आकाश गुप्ता की सराहना भी की। आकाश ने बचपन की यादों से प्रेरित होकर मनोरमा नदी की सफाई का अभियान शुरू किया। उन्होंने अपने दोस्तों के साथ "कोई शिकायत नहीं, एक नई शुरुआत" के मंत्र के साथ काम शुरू किया।
वे नियमित रूप से नदी में उतरकर जलकुंभी हटाते हैं और प्लास्टिक-कूड़ा निकालते हैं। कभी-कभी एक दिन में 50-60 किलो कूड़ा साफ करते हैं। उनके प्रयास से स्थानीय स्तर पर सफाई और पर्यावरण जागरूकता बढ़ी है।
प्रधानमंत्री मोदी ने 'नमामि गंगे' अभियान के तहत उत्तर प्रदेश में हो रहे प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे छोटे-छोटे प्रयास नदी को पुनर्जीवित करने में बड़ी भूमिका निभा रहे हैं।
Updated on:
31 May 2026 03:30 pm
Published on:
31 May 2026 03:30 pm
