
CM योगी आदित्यनाथ ने नौसेना शौर्य वाटिका का उद्घाटन किया (Image: Patrika)
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Chief Minister Yogi Adityanath) ने लखनऊ में नौसेना शौर्य संग्रहालय (Nausena Shaurya Sangrahalay) के द्वितीय चरण का लोकार्पण किया। इस मौके पर CM योगी ने देश और समाज की सुरक्षा के लिए खतरा पैदा करने वालों के प्रति सख्ती से निपटने की चेतावनी दी। सीएम योगी ने इस मौके पर भारत की संस्कृति और परंपरा का उदाहरण देते हुए 'अहिंसा' का पाठ पठाया।
सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा कि जब हम सुरक्षा के मोर्चे पर मजबूत होंगे तो दुनिया भी मैत्री करेगी। कमजोर के आगे कोई नहीं झुकता। उन्होंने आगे कहा कि जब हम अधूरी बात कहते हैं तो अर्थ का अनर्थ हो जाता है। इसलिए पूरी बात कहना सीखें। भारत की ऋषि परंपरा प्रेरणा देती है- 'अहिंसा परमो धर्मः, धर्म हिंसा तथैव च' यानी सामान्य जीवन में अहिंसा ही सर्वोच्च धर्म होना चाहिए, लेकिन देश एवं समाज की सुरक्षा के लिए खतरा बनने वालों के लिए अंततः हिंसा ही अपनानी पड़ेगी। सीएम ने आगे कहा कि देश के दुश्मनों के साथ यही हमारा धर्म है और भारतीय सेना पूरी मजबूती के साथ यह करती है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जब सोच बड़ी होती है और व्यक्ति बड़े लक्ष्य के साथ आगे बढ़ता है तो सकारात्मक परिणाम आता है, जो युवाओं को नई प्रेरणा प्रदान करता है। संग्रहालय की वाटिका में आने वालों को भारतीय नौसेना के बारे में जानकारी मिलेगी। हमारे सैनिक किन सम-विषम परिस्थितियों में कार्य करते हैं, यह भी जानने का अवसर मिलेगा। यह जानकारी युवाओं के जीवन में चुनौतियों से जूझने की प्रेरणा होगी। नौसेना का लक्ष्य उसकी विराट सोच का प्रतीक है। सीएम ने आगे कहा कि आकाश की ऊंचाइयां छूने के लिए बड़ी सोच भी चाहिए। संकुचित सोच या भाव से बड़े लक्ष्य को प्राप्त नहीं किया जा सकता।
सीएम योगी ने कहा कि सुरक्षा के बेहतर माहौल में ही जन-कल्याण एवं विकास योजनाएं प्रभावी ढंग से आगे बढ़ सकती हैं। 2017 के पहले उत्तर प्रदेश में रोज कर्फ्यू लगता था, पेशेवर माफिया व अपराधियों ने जीना हराम कर दिया था। असुरक्षित वातावरण में विकास व निवेश की संभावनाएं क्षीण हो गई थीं।
CM ने कहा- जब हमारे सैनिक सुरक्षा के प्रति प्रतिबद्धता के साथ कर्तव्यों का निर्वहन करते हैं तो नागरिकों का भी कर्तव्य है कि वे सैनिकों के प्रति सम्मान का भाव रखें। मुख्यमंत्री ने कहा कि लखनऊ में एक तरफ राष्ट्र प्रेरणास्थल है, जिसका उद्घाटन प्रधानमंत्री व रक्षा मंत्री ने 25 दिसंबर को किया था तो दूसरी तरफ नौसेना म्यूजियम के रूप में भारतीय सेना के शौर्य व पराक्रम का अद्भुत केंद्र यहां प्राप्त हुआ है। अभी इसका विस्तार भी होगा।
Updated on:
30 May 2026 07:35 pm
Published on:
30 May 2026 07:35 pm
