किसान यूनियन में मेरठ के राजपाल त्यागी ने राकेश टिकैत पर आरोप लगाये हैं. उनका कहना है कि राकेश टिकैत के नेतृत्व में संगठन बाबा टिकैत के आदर्शों से भटक गया था. बिजली, खाद, पानी के मुद्दों पर संघर्ष की बजाय ईवीएम की रक्षा करने में लग गया है, जो किसान संगठन का काम नहीं है. भाकियू अराजनीतिक था, उसे अराजनीतिक ही रहना चाहिए. राकेश टिकैत अब राजनीतिक होने लगे थे इसलिए उन्हें संगठन से बाहर करना जरूरी हो गया था.