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स्कूटर से प्लेन और फिर जेल… कुछ ऐसा रहा सुब्रत रॉय का सफर

सहारा के चेयरमैन सुब्रत रॉय का निधन 14 नवंबर की देर रात मुंबई में हो गया। 75 साल की आयु में सहाराश्री ने अंतिम सांस ली। आइए जानते हैं सहारा के प्रमुख सुब्रत रॉय के स्कूटर से प्लेन और प्लेन से जेल तक के सफर को…

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लखनऊ

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Suvesh shukla

Nov 15, 2023

Sahara India Group chief Subrata Roy life story passes away in mumbai

सहारा प्रमुख सुब्रत रॉय का निधन मंगलवार देर रात मुंबई में हो गया। सुब्रत रॉय बिजनेस जगत के बाहुबली माने जाते थे। सहाराश्री की जिंदगी की किताब में कई महत्वपूर्ण चैप्टर हैं जो सबको जानने चाहिए। तो आइए जानते हैं सुब्रत रॉय के स्कूटर से लेकर प्लेन और प्लेन से लेकर जेल तक के सफर को।

स्कूटर पर नमकीन बेचने से की शुरुआत
सुब्रत रॉय का जन्म 10 जून 1948 को बिहार के अररिया में हुआ। उन्होंने मैकेनिकल इंजीनियरिंग में डिप्लोमा किया। अपने शुरूआती दिनों में लैंब्रेटा स्कूटर पर जया प्रोडक्ट्स के नाम से नमकीन और स्नैक्स बेचा करते थे। साल 1978 में गोरखपुर में उन्होंने एक छोटे से ऑफिस में सहारा की नींव रखी। जिसके बाद सुब्रत रॉय से लाखों लोग जुड़ते गए और वो सहाराश्री सुब्रत रॉय बन गए।

एयर लाइन से लेकर रियल एस्टेट तक रहा जलवा
सहाराश्री सुब्रत रॉय का जलवा एयरलाइंस से लेकर रियल एस्टेट तक रहा। साल 1991 में एयर सहारा की स्थापना हुई। वहीं साल 1993 में सहारा एयरलाइंस की पहली उड़ान शुरू की गई। आगे चलकर साल 2007 में जेट एयरवेज ने एयर सहारा को खरीद लिया।
सहारा ने रियल स्टेट में भी अपने झंडे गाड़े। कभी एंबी वैली सिटी को सहारा का महिष्मति कहा जाता था। एंबी वैली मुंबई के लोनावाला में स्थित है जो 10,600 एकड़ में फैला हुआ है। आपको बता दें कि एंबी वैली को भारत की पहली प्लांड हिल सिटी कहा जाता है।

एंटरटेनमेंट जगत में भी नहीं रहा सहारा पीछे
साल 2003 में सहारा ने अपना पहला न्यूज चैनल ‘सहारा समय’ लॉन्च किया। इसके बाद सहारा ने कई रीजनल और एंटरटेनमेंट चैनलों की लॉन्चिंग की। सहारा वन मोशन पिक्चर्स के बैनर तले कई सारी बॉलीवुड फिल्में भी बनी।

12 साल तक भारतीय क्रिकेट टीम को किया स्पॉन्सर
सहारा ने साल 2001 से 2013 तक भारतीय क्रिकेट टीम को स्पॉन्सर किया। सहारा ने साल 2011 में IPL में अपनी टीम ‘पुणे वारियर्स’ को शामिल किया। लेकिन वक्त बदला और 2013 में सहारा की स्थिति खराब हो गई। जिसके बाद सहारा ने करार खत्म कर दिया।

प्यार में पड़े और सात साल तक लिखे रोमांटिक लव लेटर
सहाराश्री की पत्नी ने सिमी गरेवाल के चैट शो में इस बात का खुलासा किया था कि सुब्रत बहुत चार्मिंग थे और वो उनके प्यार में पड़ गईं। सुब्रत रॉय और उनकी पत्नी स्वप्ना रॉय की मुलाकात कोलकाता में एक कॉमन फ्रेंड के जरिए हुई थी। उन्होंने चैट शो में बताया कि सुब्रत रॉय के लिए यह पहली नजर का प्यार था। सहाराश्री ने उन्हें प्रपोज किया था। दोनों लोग अलग-अलग शहर में रहते थे। जिससे उनका मिलना कम ही हो पाता था। इस दौरान सुब्रत स्वप्ना के लिए रोमांटिक लेटर लिखते थे। ये सिलसिला 7 सालों तक चला जिसके बाद उन दोनों की शादी हो गई।

बेटों की शादी को लेकर रहें सुर्खियों में
सहाराश्री सुब्रत रॉय के दो बेटे सुशांतो रॉय और सिमांतो रॉय हैं। साल 2004 में इन दोनों की शादियां सुर्खियों में रही। दोनों ही बेटों की शादी एक ही दिन लखनऊ के सहारा ऑडिटोरियम में हुई थी। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक सहारा प्रमुख सुब्रत रॉय ने बेटों की शादी में 500 करोड़ रुपए खर्च किए थे। जिसको लेकर उस दौरान वो चर्चा में रहें। सहारा प्रमुख के बेटों की शादी में सियासत, ग्लैमर, खेल और कारोबार जगत के बड़े-बड़े लोगों ने शिरकत की थी। जिसमें अमिताभ बच्चन, ऐश्वर्या राय, अनिल अंबानी और मुलायम सिंह जैसी हस्तियां शामिल हुई थी।

समाज सेवा में भी आगे रहें सहारा प्रमुख सुब्रत रॉय
सहाराश्री केवल अपने ग्लोबल अचीवमेंट के लिए ही नहीं बल्कि समाज सेवा के लिए भी जाने जाते हैं। उनके समाज के हित में किए गए कामों को देखकर तत्कालीन प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने भी उनकी तारीफ की थी। कारगिल युद्ध में शहीद हुए सैनिकों के 127 परिवारों को सहारा ग्रुप ने आर्थिक मदद दी थी। साल 2013 में उत्तराखंड में बाढ़ पीड़ितों को जूस, पानी और खाने के पैकेट मुहैया करवाए थे। साथ ही राहत प्रयासों में भी काफी सहायता की थी।

जब 1.50 लाख करोड़ से भी ज्यादा के सहारा ग्रुप को लगा ग्रहण
1.50 लाख करोड़ से भी ज्यादा की वैल्यू वाले सहारा ग्रुप को तब ग्रहण लग गया जब वह विवादों में घिरा। दरअसल सहारा ग्रुप की दो कंपनियों सहारा इंडिया रियल एस्टेट कॉरपोरेशन और सहारा हाउसिंग इन्वेस्टमेंट कॉरपोरेशन ने रियल एस्टेट में निवेश करने के नाम पर साल 2008 से 2011 के बीच OFCD के जरिए तीन करोड़ से अधिक निवेशकों से लगभग 17,400 करोड़ रुपये जुटाए थे। सितंबर, 2009 में सहारा प्राइम सिटी ने IPO लाने के लिए SEBI के समक्ष दस्तावेज जमा किए, जिसमें सेबी को कुछ गड़बड़ी का अंदेशा हुआ। इसी दौरान सेबी के पास रोशन लाल नाम के एक व्यक्ति की तरफ से सहारा के खिलाफ शिकायत आई। जिसके बाद सेबी ने अगस्त 2010 में दोनों कंपनियों की जांच करने के आदेश दिए थे।

2 साल रहे जेल में
निवेशकों के पैसा लौटाने के मामले में सुब्रत रॉय को सुप्रीम कोर्ट ने 28 फरवरी 2014 को जेल भेज दिया था। आरोप है कि सहारा कंपनी ने विभिन्न योजनाओं में हजारों उपभोक्ताओं से निवेश के नाम पर पैसा जमा करवाया था। मैच्योरिटी के बाद भी उनके पैसे उन्हें नहीं लौटाए गए थे। वहीं साल 2012 में सुप्रीम कोर्ट ने फैसला सुनाया था कि सहारा समूह की कंपनियों ने सेबी कानूनों का उल्लंघन किया और अवैध रूप से 3.5 अरब डॉलर से अधिक का भुगतान किया। ऐसे ही कई आरोप सहारा के चेयरमैन सुब्रत रॉय पर लगे जिनके कारण उन्हें जेल जाना पड़ा। सहारा प्रमुख 2016 से पेरोल पर बाहर थे। आज यानी 14 नवंबर देर रात 75 साल की उम्र में उनका निधन हो गया। बुधवार को उनका पार्थिव शरीर लखनऊ लाया जाएगा।

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