
UP By-Election Results 2024: उत्तर प्रदेश में नौ विधानसभा सीटों पर उपचुनाव के लिए मतगणना जारी है। यूपी कीे कानपुर की सीसामऊ और करहल सीट पर सपा ने जीत दर्ज की है। भाजपा ने सात सीटों पर जीत लगभग दर्ज कर ली है। रूझान स्पष्ट होने के साथ साथ नेताओं की प्रतिक्रिया कुछ इस प्रकार रही।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इन परिणामों को भाजपा-एनडीए की जीत बताते हुए कहा कि यह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और डबल इंजन सरकार की नीतियों पर जनता के विश्वास की जीत है। उन्होंने कहा, "बंटेंगे तो कटेंगे, एक रहेंगे-सेफ रहेंगे।" योगी ने जनता का आभार प्रकट करते हुए विजयी प्रत्याशियों को बधाई दी और इसे सुशासन एवं विकास का परिणाम बताया।
समाजवादी पार्टी (सपा) के प्रवक्ता फखरुल हसन चांद ने आरोप लगाया कि यह चुनाव निष्पक्ष नहीं था। उन्होंने कहा, "पुलिस और सत्ता ने चुनाव लड़ा। यदि जनता को स्वतंत्र रूप से वोट डालने दिया जाता, तो हम बड़ी जीत हासिल करते।" उन्होंने भाजपा पर आरोप लगाया कि कुंदरकी और सीसामऊ जैसे क्षेत्रों में सपा समर्थकों को वोट डालने से रोका गया। इसके बावजूद उन्होंने पार्टी की जीत का श्रेय जनता के आशीर्वाद को दिया।
उत्तर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय ने उपचुनाव को लेकर भाजपा पर निशाना साधा। उन्होंने कहा, "सरकार ने पुलिस और प्रशासन के सहारे चुनाव लड़ा और मतदाताओं को डराया-धमकाया। यह लोकतंत्र की हत्या है।" उन्होंने दावा किया कि भाजपा ने पूरे तंत्र को अपने पक्ष में इस्तेमाल किया।
समाजवादी पार्टी की सांसद डिंपल यादव ने भाजपा पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा, "बीजेपी की गुंडागर्दी चल रही है। प्रशासन भाजपा के एजेंट की तरह काम कर रहा है। मतदाताओं को वोट डालने से रोका गया और सपा कार्यकर्ताओं को परेशान किया गया।" उन्होंने इसे लोकतंत्र के लिए गंभीर खतरा बताया और कहा कि भाजपा सत्ता से बाहर होने के डर से ऐसा कर रही है।
डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने सपा को आड़े हाथों लिया और कहा कि सपा अब "समाप्तवादी पार्टी" बनने जा रही है। उन्होंने सपा के पीडीए (पिछड़े, दलित और अल्पसंख्यक) गठबंधन को "परिवार डेवलपमेंट एजेंसी" करार दिया। मौर्य ने आरोप लगाया कि सपा के कार्यकर्ता कानून-व्यवस्था बिगाड़ने में शामिल हैं और आने वाले समय में सपा का अस्तित्व खत्म हो जाएगा।
सपा सांसद जियाउर्रहमान बर्क ने कुंदरकी सीट के चुनाव परिणाम पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि "यदि चुनाव निष्पक्ष होता, तो सपा बड़ी जीत दर्ज करती।" उन्होंने प्रशासन पर मतदाताओं को प्रभावित करने, राशन डीलरों और ग्राम प्रधानों पर दबाव डालने का आरोप लगाया। बर्क ने विशेष पर्चियों के आधार पर मतदान कराने और सामान्य लोगों को वोट डालने से रोकने की बात कही। उन्होंने इसे लोकतंत्र की हत्या करार दिया।
उत्तर प्रदेश उपचुनाव के नतीजों ने सत्ताधारी भाजपा और विपक्षी दलों के बीच राजनीतिक तनाव को और बढ़ा दिया है। जहां मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इसे भाजपा की नीतियों और प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व की जीत बताया, वहीं विपक्ष ने चुनाव प्रक्रिया को लेकर गंभीर सवाल उठाए। सपा और कांग्रेस ने प्रशासन के दुरुपयोग और मतदाताओं को डराने-धमकाने के आरोप लगाए। दोनों पक्ष अपने-अपने दावे कर रहे हैं, जिससे यह स्पष्ट होता है कि आगामी चुनावों में राजनीतिक दलों के बीच टकराव और गहराने वाला है।
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Updated on:
23 Nov 2024, 4:26 PM IST
Published on:
23 Nov 2024, 4:04 PM IST
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