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लखनऊ और कानपुर के बीच दौड़ेगी वंदे भारत मेट्रो, मिला डेढ़ हजार करोड़ का बजट

अगले साल दिसंबर तक यूपी के 3 शहरों में वंदे मेट्रो ट्रैक पर दौड़ेंगी। रेल मंत्री ने पिंक बुक जारी कर दिया है।

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लखनऊ

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Adarsh Shivam

Feb 04, 2023

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वित्त मंत्री ने रेलवे के लिए 2 लाख 40 करोड़ द‌िए हैं। यूपी के हिस्से में 17 हजार 5 सौ 7 करोड़ रुपए आया है। रेल मंत्री ने कहा, “यूपी के 149 स्टेशन चिन्हित हैं, जो धार्मिक स्थल या धरोहर हैं। इनमें लखनऊ, अयोध्या, प्रयागराज, बनारस, गोरखपुर, मुरादाबाद और मेरठ आदि हैं। मास्टर प्लान तैयार है। 6 महीने में आधा काम का लक्ष्य है।”

पिंक बुक कर दी गई है जारी
लखनऊ के रेलवे स्टेशन पर यात्रियों को घर की जरूरत का सामान मिल सकेगा। 24 घंटे जरूरत का सामान के लिए जन सुविधा सेंटर खुला रहेगा। इस बार बजट में उत्तर रेलवे और पूर्वोत्तर रेलवे लखनऊ मंडल की विकास योजनाओं पर खर्च होने वाले बजट आवंटन के साथ पिंक बुक भी जारी कर दी गई।

सीतापुर, लखनऊ, कानपुर, रायबरेली में वंदे भारत ट्रेन की लोकप्रियता के बाद रेलवे वंदे मेट्रो रेल चलेगा। यह मेट्रो छोटे-छोटे रूटों पर चलेंगी। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने शुक्रवार को आम बजट में इस प्रोजेक्ट की स्वीकृत होने की जानकारी दिया है।

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रेल मंत्री ने बताया, “लखनऊ से कानपुर, सीतापुर, रायबरेली को तेज रेल नेटवर्क से जोड़ा जा सकता है। यह शटल सेवा होगी। जो स्टेशन पर 20-30 मिनट पर मिल सकेगी। इसकी तैयारी शुरू है। रेल कोच डिजाइन कर तैयार कर लिए गए हैं। उम्मीद है कि मिशन रफ्तार के तहत दिसंबर 2024 तक ट्रेन शुरू हो जाएगी।”

“44 स्टेशन संवारे जाएगी”
उन्होंने ने आगे बताया, “अमृत योजना में लखनऊ मंडल के 44 स्टेशन संवारे जाएंगे। इनमें चार स्टेशनों पर संवारने का काम शुरू हो गया है। अयोध्या तक तेज रेल नेटवर्क के लिए बाराबंकी से अकबरपुर की 161 किलोमीटर की डबलिंग से होगी।”

रेल मंत्री ने बताया, “पिंक बुक में इसके लिए 520 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है। बाराबंकी से मल्हौर के बीच ट्रेनों की आपरेशन क्षमता दोगुनी होगी। रेलवे ने तीसरी और चौथी 32.84 किमी. की लाइन बिछाने के लिए अगले वित्तीय वर्ष में 50 करोड़ रुपए की व्यवस्था की है।”

“लखनऊ से वंदे भारत ट्रेन को चलाने के लिए मल्हौर में डिपो बनाने के लिए बजट में 38 करोड़ रुपए रखे गए हैं। लखनऊ मंडल सहित उत्तर रेलवे के 1563 किलोमीटर रेलखंड पर ट्रेन कोलिजन एवाइडेंस सिस्टम लगेंगे।”

RDSO में रिसर्च के लिए 61 करोड़ रुपए से बनेगी आधुनिक लैब
रेल बजट में RDSO यानी Research Designs and Standards Organisation की हाई स्पीड और हाइपरलूप ट्रेनें चलाने के प्रॉजेक्ट को भी प्राथमिकता दी गई है। रेल बजट में RDSO में होने वाले खोज को और आधुनिक बनाने की तैयारी है। इसके लिए RDSO में अनुसंधान लैब स्थापना के लिए 61 से ज्यादा रुपए बजट दिया गया है।

पिंक बुक के अनुसार RDSO को अनुसंधान की लैब स्थापना के लिए 61.50 करोड़ रुपए बजट दिया गया है। इसमें 4 करोड़ स्टार्टअप को प्रोत्साहित करने पर खर्च होगा। विद्युत प्रयोगशाला के लिए 1 लाख टोकन, अग्नि परीक्षण सुविधा के लिए 42 लाख, ट्रेन टक्कर रोधी तकनीकी विकास के लिए 1 लाख, ऑप्टिकल रेल मापन प्रणाली के लिए 3 करोड़ रुपये दिए गए हैं। टेक्रोलॉजी मिशन, एयर ब्रेक लैब, अनुसंधान केंद्रों की स्थापना के लिए 50 लाख रुपए मिले।