28 अक्टूबर 2026,

बुधवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

अतिक्रमण: 30 फिट की रोड को कर दिया 10 फिट का, आवागमन हो रहा अवरुद्ध

नगर का सरदार पटेल वार्ड अतिक्रमण की चपेट में, आए दिन बनती है विवाद की स्थिति
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

मंडला

•

image

Mangal Singh Thakur

•

Updated: 19 Mar 2024, 12:57 PM IST

अतिक्रमण: 30 फिट की रोड को कर दिया 10 फिट का, आवागमन हो रहा अवरुद्ध

अतिक्रमण: 30 फिट की रोड को कर दिया 10 फिट का, आवागमन हो रहा अवरुद्ध

मंडला. नगर मुख्यालय से लगे सरदार पटेल वार्ड क्रमांक 15 में कॉलोनी में निवास करने वाले नागरिक इन दिनों काफी परेशान हैं। मुख्य आवगमन के मार्ग में लगातार अतिक्रमण के चलते कॉलोनी के अंदर आना जाना मुश्किल हो गया है।

30 फिट की मुख्य सड़क में लगातार अतिक्रमण किया जा रहा है। लिहाजा अब यह सड़क मात्र 10 फिट में सिमट चुकीं है। जिसके चलते रोजाना विवाद की स्थिति निर्मित हो रही हैं। मंडला-जबलपुर मुख्य सड़क से ईडन गार्डन कॉलोनी के अंदर जाने वाली सड़क में दोनो तरफ के रहवासियों ने अपने मकान और दुकान हद सीमा से काफी आगे तक बढ़ा ली है। जिसके चलते फोर व्हीलर वाहन निकलने में दिक्कत होती है और रोजाना विवाद की स्थिति निर्मित होती है।

मार्ग में ही खड़े कर दिए जाते हैं वाहन

स्थानीय रहवासियों को डर है कि कभी कोई आपातकालीन स्थिति होने पर कैसे कॉलोनी के अंदर बड़े वाहन आ पाएंगे। अतिक्रमणकारी अतिक्रमण के साथ मुख्य मार्ग में ही अपने फोर व्हीलर वाहन भी खड़े कर देते हैं। यहां की मुख्य नाली पर अतिक्रमण किया गया है और सड़क में भी कब्जा किए जाने का दौर जारी है। जिसकी शिकायत भी की गई है। कॉलोनी के अंदर आने जाने वाला सरकारी रास्ता महिंद्रा एजेंसी से लेकर शंकर मंदिर जिससे दिन भर में 1000 से अधिक लोग आना जाना करते हैं। उस मार्ग पर स्थानीय रहवासियों द्वारा अवैध रूप से रोड पर निरंतर कब्जा किया जा रहा है। सड़क में सीढ़िया और रेलिंग लगाई जा चुकी हैं और यह निरंतर जारी है। जिस जगह पर कब्जा किया गया है वहां आय दिन विवाद की स्थिति बनी रहती है। मरीजों को ले जाने की स्थिति में विलंब होने जैसी समस्या आ रही है। शहर में पिछले लम्बे अरसे से अस्थायी रूप से किए जा रहे अतिक्रमण के शिकंजे से छूट नहीं पा रहा है। संबंधित विभाग द्वारा यदा-कदा कार्यवाहियां तो की जाती हैं लेकिन कार्रवाई सही एवं सख्त न होने के चलते हटने के कुछ दिन बाद फिर अतिक्रमण कर लिया जाता है।