मंडला. इस वर्ष 15 अगस्त को भारतवासी 77 वां स्वतंत्रता दिवस मनाएंगे। 13 से 15 अगस्त तक चलाए जा रहे हर घर तिरंगा अभियान के तहत रविवार को पुलिस लाइन से तिरंगा रैली का आयोजन किया गया। मंडला पुलिस के जवानों ने तिरंगा रैली निकालकर लोगों को अपने घरों में तिरंगा लगाने के लिए प्रेरित किया।
पुलिस लाइन से तिरंगा रैली का शुभारंभ मंडला पुलिस अधीक्षक रजत सकलेचा ने हरी झंडी दिखाकर किया। इसके बाद रैली नगर भ्रमण के लिए रवाना हुई। तिरंगा रैली में जिला पुलिस बल, यातायात, होमगार्ड, वन विभाग, एनसीसी एवं अन्य सदस्य शामिल हुए। तिरंगा रैली शहर प्रमुख मार्गों से भ्रमण करते हुए लोगों को तिरंगा अपने घरों व प्रतिष्ठानों में लगाने के लिए प्रेरित किया। रैली नगर भ्रमण करते हुए वापस पुलिस लाइन ग्राउंड में समाप्त हुई। बताया गया कि हर घर तिरंगा आजादी का अमृत महोत्सव का एक अभियान है, जिसका उद्देश्य लोगों को घर पर तिरंगा लाने और भारत की आजादी की 76वीं वर्षगांठ के उपलक्ष्य में इसे फहराने के लिए प्रोत्साहित करना है। बताया गया कि स्वतंत्रता के 77वें वर्ष में एक राष्ट्र के रूप में सामूहिक रूप से झंडे को घर लाना न केवल तिरंगे के साथ व्यक्तिगत जुड़ाव का प्रतीक है, बल्कि राष्ट्र निर्माण के प्रति हमारी प्रतिबद्धता का प्रतीक भी है।
मंडला. इस वर्ष 15 अगस्त को भारतवासी 77 वां स्वतंत्रता दिवस मनाएंगे। 13 से 15 अगस्त तक चलाए जा रहे हर घर तिरंगा अभियान के तहत रविवार को पुलिस लाइन से तिरंगा रैली का आयोजन किया गया। मंडला पुलिस के जवानों ने तिरंगा रैली निकालकर लोगों को अपने घरों में तिरंगा लगाने के लिए प्रेरित किया।
पुलिस लाइन से तिरंगा रैली का शुभारंभ मंडला पुलिस अधीक्षक रजत सकलेचा ने हरी झंडी दिखाकर किया। इसके बाद रैली नगर भ्रमण के लिए रवाना हुई। तिरंगा रैली में जिला पुलिस बल, यातायात, होमगार्ड, वन विभाग, एनसीसी एवं अन्य सदस्य शामिल हुए। तिरंगा रैली शहर प्रमुख मार्गों से भ्रमण करते हुए लोगों को तिरंगा अपने घरों व प्रतिष्ठानों में लगाने के लिए प्रेरित किया। रैली नगर भ्रमण करते हुए वापस पुलिस लाइन ग्राउंड में समाप्त हुई। बताया गया कि हर घर तिरंगा आजादी का अमृत महोत्सव का एक अभियान है, जिसका उद्देश्य लोगों को घर पर तिरंगा लाने और भारत की आजादी की 76वीं वर्षगांठ के उपलक्ष्य में इसे फहराने के लिए प्रोत्साहित करना है। बताया गया कि स्वतंत्रता के 77वें वर्ष में एक राष्ट्र के रूप में सामूहिक रूप से झंडे को घर लाना न केवल तिरंगे के साथ व्यक्तिगत जुड़ाव का प्रतीक है, बल्कि राष्ट्र निर्माण के प्रति हमारी प्रतिबद्धता का प्रतीक भी है।