
Geeta Jayanti today
मथुरा। देश भर के मंदिर में भगवान कृष्ण और गीता की पूजा की जाती है। बृज में आज के दिन का विशेष महत्व है। मथुरा वृंदावन में पूरे दिन भजन और आरती की जाती है। महाविद्वान इस दिन गीता का सार कहते हैं। बृज में गीता जयंती के दिन कई लोग उपवास रखते हैं। गीता के उपदेश पढ़े एवं सुने जाते हैं। गीता जयंती मोक्षदा एकादशी के दिन आती है, इस दिन विष्णु भगवान की पूजा की जाती है। भगवत गीता का पाठ किया जाता हैं। इससे मनुष्य को मोक्ष का मार्ग मिलता हैं।
हिन्दू समाज में सबसे उपर स्थान
पंडित दीपक शुक्ला ने का कहना है कि भगवत गीता का हिन्दू समाज में सबसे उपर स्थान माना जाता है, इसे सबसे पवित्र ग्रन्थ माना जाता है। भगवत गीता स्वयं श्री कृष्ण ने अर्जुन को सुनाई थी। कुरुक्षेत्र के युद्ध में अर्जुन अपने सगों को दुश्मन के रूप में सामने देख, विचलित हो जाता हैं और उसने शस्त्र उठाने से इंकार कर देते हैं। तब स्वयं भगवान कृष्ण ने अर्जुन को मनुष्य धर्म एवम कर्म का उपदेश दिया। यही उपदेश भगवत गीता में लिखा हुआ है, जिसमे मनुष्य जाति के सभी धर्मो एवम कर्मो का समावेश हैं। गीता केवल हिन्दू सभ्यता को मार्गदर्शन नहीं देती। यह जाति वाद से कही उपर मानवता का ज्ञान देती है। गीता के अठारह अध्यायों में मनुष्य के सभी धर्म एवम कर्म का ब्यौरा है। इसमें सत युग से कल युग तक मनुष्य के कर्म एवं धर्म का ज्ञान है। गीता के श्लोकों में मनुष्य जाति का आधार छिपा है। मनुष्य के लिए क्या कर्म हैं उसका क्या धर्म है। इसका विस्तार स्वयं कृष्ण ने अपने मुख से कुरुक्षेत्र की उस धरती पर किया था। उसी ज्ञान को गीता के पन्नो में लिखा गया है। यह सबसे पवित्र और मानव जाति का उद्धार करने वाला ग्रन्थ है।
मंत्र श्री कृष्ण दामोदराय नमः॥ इस मंत्र का जाप करें।
उपाय
मिश्री मिले दूध का भगवान को अर्पण करें इस से अज्ञान का नाश होता है।
श्रीकृष्ण पर केला चड़ा कर उसे गाय को खिलाएं। इस से पारिवारिक जीवन सुखमय होता है। कृष्ण पर तुलसी की मंजरी चढ़ाएं। इस से मोक्ष की प्राप्ति होती है।
संकलन
दीपक शुक्ला
+917000346173
Published on:
18 Dec 2018 11:30 am
बड़ी खबरें
View Allमथुरा
उत्तर प्रदेश
ट्रेंडिंग
