
मेरठ। यहां के चौधरी चरण सिंह जिला कारागार में एक सप्ताह के भीतर यह दूसरी मौत है, लेकिन गणतंत्र दिवस की सुबह जिस अंग्रेज कैदी की मौत हुर्इ तो यहां हड़कंप मच गया, क्योंकि गणतंत्र दिवस के कारण यहां समय पर चिकित्सक नहीं मिला। यह कैदी यहां उम्र कैद की सजा काट रहा था। पहले भी उसकी कर्इ बार तबियत बिगड़ी थी, तब वह उपचार के बाद ठीक हो जाता था, लेकिन आज एेसा नहीं हुआ। इस अंग्रेज की मौत पर साथी कैदी बहुत दुखी थे। इससे पहले पिछले सप्ताह एक कैदी ने इसी कारागार में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी। कैदी के मामले की जांच चल ही रही है। अब अंग्रेज की मौत हो गई। जेल प्रशासन के अनुसार अंग्रेज काफी समय से बीमार चल रहा था। उसका इलाज जेल के ही चिकित्सक कर रहे थे।
इसके बारे में जानिए
दरअसल, गणतंत्र दिवस पर जिस अंग्रेज की मौत हुर्इ, उसका नाम अंग्रेज था। मुजफफरनगर के तिवावी थाना अंतर्गत करवाड़ा का रहने वाला अंग्रेज पुत्र महावीर गांव में ही हुई एक हत्या के मामले में उम्रकैद की सजा काट रहा था। जेल अधीक्षक बीआर पांडे ने बताया कि 66 वर्षीय अंग्रेज कैंसर की बीमारी से पीड़ित था। उसकी पहले भी कई बार तबियत बिगड़ चुकी थी जिस पर उसे मेडिकल में भर्ती कराया गया था। लेकिन इधर कई दिन से उसकी तबियत लगातार बिगड़ती जा रही थी। पिछले कई सप्ताह से उसने खाना-पीना भी त्याग दिया था।
परिजनों से मिलना है
वह जेल प्रशासन से अपने परिजनों से मिलने की इच्छा जता चुका था। इस पर जेल प्रशासन ने इसकी सूचना उसके गांव भिजवा दी थी। उसकी हालत में सुधार न होता देख उसे मेडिकल भेजा गया था। मेडिकल में चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। एसओ मेडिकल सतीश कुमार ने बताया कि जेल प्रशासन ने कैदी के शव का पोस्टमार्टम कराने के बाद उसका शव परजनों को सौंप दिया। अंग्रेज के बेटे राज ने बताया कि वह अपने पिता से जेल में मिलाई करने आने वाला था, लेकिन इसी बीच उन्हें सूचना मिली कि पिता की तबियत अधिक खराब होने के कारण मेडिकल भेजा गया है। आज सुबह उनकी मौत की खबर जेल प्रशासन ने दी थी। परिजन शव को लेकर गांव रवाना हो गए।
Published on:
26 Jan 2018 10:04 pm

बड़ी खबरें
View Allमेरठ
उत्तर प्रदेश
ट्रेंडिंग
