काउंसलिंग के दौरान उन्होंने जोधा अकबर का उदाहरण देते हुए कहाकि, जोधा हम आपके धर्म का सम्मान करते हैं। आप पूरी तन्मयता से अपने धर्म और आस्था को मान सकती हैं। हम धर्म के अलग अनुयायी हो सकते हैं परंतु मंजिल एक है। क्या आपने जोधा-अकबर के बीच का यह संवाद सुना है? क्या आपने जोधा-अकबर से जुड़ी ऐतिहासिक फिल्म या कोई टीवी सीरियल देखा है। आपकी जिंदगी में यह अनोखा नहीं है। इतिहास में ऐसे कई किस्से हैं, जिसमें धर्म को दरकिनार कर प्रेम को गढ़ा है। जोधा-अकबर इसी समर्पण और प्यार का नाम है। आप अपनी जिंदगी को नए सिरे से जिएं।