अब घर बैठे 15 मिनट में करें कोरोना टेस्टिंग, 250 रुपये में CoviSelf किट लॉन्च

कोरोना वायरस की टेस्टिंग को आसान बनाने के लिए माईलैब कंपनी ने एक सेल्फ-टेस्ट किट CoviSelf को लॉन्च कर दिया है। केवल 250 रुपये की यह किट मेडिकल स्टोर और ऑनलाइन बिक्री के लिए उपलब्ध है।

मुंबई। कोरोना महामारी के दौरान इसकी टेस्टिंग को लेकर भी कई सवाल और समस्याएं सामने आई हैं। लेकिन अब लोगों को कोरोना टेस्टिंग के लिए लंबी कतार में खड़े रहने और रिपोर्ट के लिए कई दिनों तक इंतजार करने की जरूरत नहीं पड़ेगी। पुणे की एक डायग्नोस्टिक्स फर्म ने कोविड-19 सेल्फ-टेस्ट किट की लॉन्चिंग के बाद इसकी शिपिंग शुरू कर दी है। 'कोविसेल्फ' नाम की यह सेल्फ-टेस्ट किट मेडिकल स्टोर और फ्लिपकार्ट पर उपलब्ध होगी।

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इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च (ICMR) ने मई में कंपनी को कोविड-19 के लिए अपनी नई स्व-उपयोग रैपिड होम-टेस्ट किट के लिए मंजूरी दे दी थी। इस टेस्ट किट से कोरोना की जांच का नतीजा केवल 15 मिनट में सामने आ जाता है।

माईलैब डिस्कवरी सॉल्यूशंस द्वारा 250 रुपये की कीमत वाली देश की पहली Covid-19 होम-टेस्ट किट 'CoviSelf' नाम से विकसित की गई है। कंपनी ने पिछले साल भारत को अपनी पहली आरटी-पीसीआर टेस्ट किट भी दी थी जो अब आमतौर पर कोविड-19 टेस्टिंग के लिए इस्तेमाल की जाती है।

माईलैब डिस्कवरी सॉल्यूशंस के प्रबंध निदेशक हसमुख रावल ने कहा था कि वर्तमान में कंपनी की प्रति सप्ताह 70 लाख परीक्षण किट की उत्पादन क्षमता है और जून की शुरुआत तक इसे बढ़ाकर 1 करोड़ टेस्ट किट कर दिया जाएगा।

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आईसीएमआर दिशानिर्देशों के अनुसार इस सेल्फ-यूज टेस्ट किट का इस्तेमाल किसी व्यक्ति द्वारा किया जा सकता है, फिर चाहे उनमें कोरोना वायरस के लक्षण दिख रहे हों या इसकी जांच करानी हो। इस टेस्ट किट के जरिये रिजल्ट हासिल करने के बाद पॉजिटिव पाए जाने पर व्यक्ति आइसोलेशन में जा सकते हैं और जल्दी से उपचार प्राप्त कर सकते हैं।

रावल ने कहा कि प्रत्येक किट में आवश्यक परीक्षण सामग्री, इस्तेमाल की जानकारी के लिए निर्देश और परीक्षण के बाद इसे सुरक्षित रूप से निपटाने के लिए एक बायोहाजर्ड बैग शामिल होगा। यूजर्स की परेशानी को कम करने के लिए लंबे नैसोफैरिंजील स्वैब की तुलना में नाक के स्वैब का इस्तेमाल करके परीक्षण किया जाता है।

CoviSelf केवल 15 मिनट में नतीजा दे देगा और प्रत्येक पैक में एक यूनीक क्यूआर कोड होता है जिसे ऐप पर रिपोर्ट प्राप्त करने के लिए टेस्ट के रिजल्ट के साथ दर्ज किया जाना चाहिए।

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रावल ने कहा, "चूंकि यह एक स्वास्थ्य देखभाल पेशेवर द्वारा नमूना संग्रह की जरूरत को समाप्त करता है, यह परीक्षण प्रयोगशालाओं पर अत्यधिक दबाव को कम करने के अलावा परीक्षण के परिणामों में देरी को कम करेगा जो देश के कुछ हिस्सों में 72 घंटे से अधिक है।"

कंपनी के निदेशक सुजीत जैन ने कहा कि CoviSelf के साथ MDS को उम्मीद है कि वह कोविड-19 टेस्टिंग को हर भारतीय के दरवाजे तक पहुंचाएगा, ताकि उन्हें दूसरी महामारी की लहर और किसी भी बाद की लहर से लड़ने में मदद मिल सके, क्योंकि इसे बिना किसी प्रिस्क्रिप्शन के फार्मेसी से खरीदा जा सकता है।

उन्होंने आगे कहा, "अधिकांश पश्चिमी देशों ने अपने नागरिकों के लिए सेल्फ-टेस्ट की अनुमति दी है और इसे चेन को तोड़ने के लिए एक शक्तिशाली उपकरण के रूप में मानते हैं। CoviSelf, Mylab के AI-पावर्ड मोबाइल ऐप के साथ जुड़ता है ताकि यूजर्स अपनी पॉजिटिव स्थिति जान सके, ट्रेस के लिए सीधे ICMR को नतीजे सबमिट कर सके और यह जान सके कि रिजल्ट के किसी भी मामले में आगे क्या करना है। हमें यकीन है कि यह छोटा कदम दूसरी और बाद की लहरों को कम करने में एक बड़ी छलांग होगी।"

अमित कुमार बाजपेयी
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