
मुरादाबाद:अंधेर नगरी चौपट राजा यह कहावत आपने कई बार सुनी होगी। लेकिन मुरादाबाद नगर निगम में इन दिनों इसी कहावत की तर्ज़ पर काम हो रहा है। वाक्या नगर नीगम के जन्म मृत्यु प्रमाण पत्र विभाग से है। यहां 31 मार्च 2018 को निरीक्षक जयप्रकाश रिटायर हो गए। लेकिन हैरानी की बात यह है की उनके डिजिटल साइन से अब भी जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र जारी हो रहे है। यहां ख़ास बात यह है की जितने भी प्रमाण पत्र इन साइन से जारी हो रहे है, वो नकली माने जाएंगे। ऐसे 2 प्रमाण पत्र मीडिया के पास भी मौजूद है। यानी आवेदनकर्ता के लिए वो सिर्फ एक कागज का टुकड़ा है। हालाकी नगर निगम के अधिकारी इसके पीछे छुट्टी का बहाना बना पूरे मामले की जांच की बात कर रहे है।
एक के बाद एक घोटालों ओर विवादों के बाद अब मुरादाबाद नगर निगम में एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। नगर निगम से 31 मार्च को जयप्रकाश नाम के निरीक्षक रिटायर हो गए थे। लेकिन 3 अप्रैल और उसके बाद तक उनके डिजिटल साइन से लोगो को जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र जारी किए गए। यहां सबसे ख़ास बात यह है की रिटायर अधिकारी के साइन से बने यह प्रमाण पत्र फर्जी माने जाएंगे। यानी इनकी आवेदनकर्ता के लिए कोई वेल्यू नहीं है। उधर नगर निगम के जिम्मेवार ऐसे प्रमाण पत्रों के लिए छुट्टी को जिम्मेवार मान रहे है। लेकिन जो प्रमाण पत्र लोगो के पास पहुच गए है उनका क्या होगा इसका जवाब किसी के पास नहीं है। हालाकी इसे लापरवाही मानते हुए अधिकारी इस मामले की जांच और दोषियों के खिलाफ कार्यवाही की बात कर रहे है।
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प्रभारी नगर आयुक्त एसपी श्रीवास्तव ने बताया कि इस मामले में जांच की जायेगी। जो भी दोषी होगा उस पर कार्यवाही की जाएगी। यहां बता दें कि अभी बीस करोड़ से ऊपर के घोटाले की जांच शुरू भी नहीं हुई थी कि मुरादाबाद नगर निगम में अब फर्जी साइन से जन्म प्रमाण पत्र जारी करने का मामला सामने आ गया है। जिसने निगम की पूरी व्यवस्था पर ही सवाल खड़े कर दिए हैं।
Published on:
19 Apr 2018, 3:42 PM IST
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