नागौर. बढ़ती गर्मी के साथ आसमान से अब आग बरस रही है। अलसुबह से ही गर्मी के अहसास के साथ ही दस बजे तक सूरज की तीखी रोशनी से सडक़ें तपने लगी है। इस दौरान तेज चलती गर्म हवाओं के थपेड़ों ने परेशानी बढ़ा दी है। इसके चलते शहर एवं ग्रामीण क्षेत्रों में लोग गर्मी से परेशान नजर आए। दुकानें तो खुली, लेकिन बाजारों में भीड़ कम रही। विशेषकर दोपहर में 12 बजे से लेकर अपराह्न तीन बजे तक हालात बेहद ही तकलीफदेह रहे। सूरज की बढ़ती तपिश का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि शाम को करीब छह बजे भी सडक़ों पर गर्म हवाओं के थपेड़ों ने लोगों का पीछा नहीं छोड़ा।
सुबह से आसमान से सूरज आग बरसाता रहा। दोपहर में 12 बजे से लेकर एक बजे तक हालात बेहद विकट रहे। शहर क्षेत्र में नया दरवाजा, रेलवे स्टेशन, कलक्ट्रेट, नकासगेट, शिवबाड़ी, किले की ढाल, गांधी चौक, सदर बाजार, तिगरी बाजार, दिल्ली दरवाजा, कॉलेज रोड, मानासर चौराहा एवं जोधपुर रेाड पर सन्नाटे की स्थिति बनी रही। बाजारों में दुकानें तो खुली रही, लेकिन खरीदार नजर नहीं आए। व्यस्ततम बाजारों में गांधी चौक एवं सदर बाजार और दिल्ली दरवाजा आदि क्षेत्रों में सडक़ो ंपर चहल-पहल बेहद कम रही। रेलवे स्टेशन भी गर्मी का असर नजर आया। यहां पर मौजूद यात्री कोल्डड्रिंक्स आदि से अपना गला तर कर गर्मी से बचने का जतन करते रहे। दोपहर में चल रही गर्म हवाओं ने धूल के साथ बवण्डर भी उड़ाए। इससे लोग परेशान रहे। विशेषकर दोपहिया वाहन चालकों को गर्म हवाएं ज्यादा परेशान करती रहीं। कपड़ों से चेहरा पुरी तरह ढंका होने के बाद भी चल रही तेज गर्म हवाओं के साथ आसमान से बरस रही आग से वाहन चालक परेशान रहे।
पंखों से निकलती रही आग
गर्मी के चलते घरों में रह रही महिलाएं एवं छोटे बच्चों के साथ ही बुजुर्ग परेशान रहे। पंखे चल तो रहे थे,ल ेकिन इससे निकल रही गर्म हवाएं अपनी तपिश से परेशान करती रहीं। राहत के लिए लगे कूलर भी फेल नजर आए। वातावरण में बनी उमस के साथ हो रही तपिश से स्थिति बेहद विकट बनी रही।
ग्रामीण क्षेत्रों में भी सन्नाटा
्र गर्म मौसम में ग्रामीण क्षेत्रों का और भी हाल खराब रहा। दोपहर में बाजार तो खुले रहे, लेकिन दुकानें सूनी रही। बाराणी एवं गोगेलाव आदि में तो दोपहर में कुछ दुकानदारों ने तो अपनी दुकानों के शटर तक गिरा दिए। दोपहर में एक ब जे से लेकर शाम को चार बजे शहर के सीमावर्ती मार्गों पर पूरी तरह से सन्नाटा बना रहा।