
लाडनूं व रतनगढ़ के विधायक को जान से मारने की धमकी देने के साथ दो करोड़ की फिरौती मांगने का खुलासा करते हुए नागौर पुलिस ने दो शातिरों को गिरफ्तार किया है।
पत्रिका न्यूज नेटवर्क
नागौर. लाडनूं व रतनगढ़ के विधायक को जान से मारने की धमकी देने के साथ दो करोड़ की फिरौती मांगने का खुलासा करते हुए नागौर पुलिस ने दो शातिरों को गिरफ्तार किया है। लाडनूं विधायक मुकेश भाकर के पास जो फोन आया वो विदेश से आया इंटरनेट कॉल था, जो सिम बॉक्स के जरिए किया गया था। आरोपियों में से एक पवन गोदारा को कुवैत से भारत वापसी पर दिल्ली एयरपोर्ट से गिरफ्तार किया गया, जबकि मास्टर माइण्ड संजय चौधरी उर्फ संजय कुमार नीम का थाना से पकड़ा गया।
नागौर एसपी राममूर्ति जोशी ने शनिवार को संवाददाताओं को बताया कि लाडनूं विधायक मुकेश भाकर को तीन अप्रेल को जान से मारने की धमकी तथा रतनगढ़ विधायक अभिनेष महर्षि को 12 अप्रेल को रोहित गोदारा के नाम से जान से मारने की धमकी दी गई। धमकी में महज आठ दिन का फासला था। इसके साथ सुजानगढ़ में ज्वैलर्स को भी रोहित गोदारा के नाम से फिरौती की धमकी मिली थी।इस पर राज्य के पुलिस महानिदेशक उमेश मिश्रा के दिशा-निर्देश पर डीडवाना एएसपी विमल सिंह के नेतृत्व में टीम गठित की गई। लाडनूं सीओ राजेश ढाका व खींवसर थाना प्रभारी अशोक बिसु के साथ कई टीमें गठित कर आरोपियों को पकड़ने का टॉस्क सौंपा गया। भावण्डा थाना प्रभारी अशोक सिद्धार्थ प्रजापत, सीआई भजनलाल आदि भी प्रकरण के खुलासे में जुट गए। हजारों मोबाइल नंबर का विश्लेषण किया गया तो दर्जनों संदिग्धों से पूछताछ की गई। देशभर के एक दर्जन राज्य तथा दो दर्जन से अधिक शहरों में टीमें भेजकर तकनीकी साक्ष्य जुटाए गए तब जाकर पवन गोदारा (28) निवासी ताल छापर, जिला चूरू व संजय चौधरी उर्फ संजय कुमार (44) निवासी नीम का थाना को गिरफ्तार किया गया। राजू ठेहट हत्याकाण्ड के मुख्य आरोपी रोहित गोदारा को विदेश से लाने व प्रकरण को हाईलाइट करने के उद्देश्य से फोन पर धमकी देने का दौर चला।
लम्बी कवायद के बाद मिला सुराग
एसपी जोशी ने बताया कि लाडनूं विधायक को मिली धमकी के नम्बर पर तकनीकी साक्ष्य जुटाए गए। साइबर टीम के प्रेम प्रकाश, श्याम प्रताप आदि ने तहकीकात की तो यह कॉल जरिए सिम बॉक्स विदेश से आया इंटरनेट कॉल निकला। इसके बाद सिम बॉक्स की तकनीक को तोड़ते हुए धमकी देने वाले कॉलर को चिन्हित किया गया। कड़ी से कड़ी जोड़ते हुए आपराधिक प्रवृत्ति के लोगों का रेकॉर्ड खंगाला गया तो पवन गोदारा का नाम सामने आया। पवन गोदारा कुवैत में कार्यरत है। इसके बाद उसके दिल्ली आने की सूचना पर अशोक बिस्सु के नेतृत्व में टीम ने पवन गोदारा को गिरफ्त में ले लिया। बाद में उसकी निशानदेही पर सलाहकार मास्टर माइण्ड संजय चौधरी उर्फ संजय कुमार को लाडनूं सीओ ने धर-दबोचा। पवन गोदारा पर चोरी के दो मामले दर्ज हैं , जबकि संजय चौधरी पर दर्ज मामलों की जानकारी जुटाई जा रही है।
राजू ठेहट के इर्दगिर्द है सारा खेल
एसपी ने बताया कि दोनों से पूछताछ के बाद अब तक की कहानी राजू ठेहट हत्याकाण्ड के इर्दगिर्द घूम रही है। पवन गोदारा राजू ठेहट का फेसबुक फोलोअर है। यहां तक कि उसने मोबाइल स्क्रीन पर भी राजू का फोटो लगा रखा है। कुवैत में करीब डेढ़ साल की मजदूरी के बाद वो मार्च में भारत आया। इस दौरान फेसबुक के जरिए राजू ठेहट के कुछ मित्रों से बातचीत हुई तो मुख्य आरोपी रोहित गोदारा के नहीं पकड़ने का मलाल सामने आया। इस पर संजय चौधरी के साथ इन्होंने प्लानिंग की कि विधायक/जनप्रतिनिधियों को फोन पर धमकी देंगे तो पुलिस प्रशासन सक्रिय तो होगा ही रोहित गोदारा के नाम पर कुछ मुकदमे और जुड़ेंगे। मार्च में कुवैत जाने के बाद अप्रेल में दोनों विधायक को सिम बॉक्स के जरिए इंटरनेट कॉल पर धमकी दी गई। अभी तक इनका राजू ठेहट से लगाव के चलते इस तरह की धमकी देकर प्रेशर बनाने का प्लान समझ में आया है।
दो महीने एक दर्जन राज्य में घूमी पुलिस
एसपी जोशी ने बताया कि एएसपी विमल सिंह के नेतृत्व में तकनीकी साक्ष्यों की कड़ी से कड़ी जोड़ते हुए पश्चिम बंगाल, पंजाब, हरियाणा, महाराष्ट्र, दिल्ली, त्रिपुरा समेत एक दर्जन राज्य व दो दर्जन से अधिक शहरों तक पुलिस की टीमें बिखरी रहीं। दो महीने तक चली लंबी कवायद के बाद दोनों आरोपी पकड़ में आए।
Published on:
04 Jun 2023 09:46 pm
बड़ी खबरें
View Allनागौर
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
