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नागौर के न्यू रीको में साफ-सफाई के नाम पर खानापूर्ति, टूटी सड़कें और बदहाल नाले

न्यू रीको औद्योगिक क्षेत्र में अव्यवस्थाओं का आलम, करोड़ों का राजस्व वसूलने के बाद भी मूलभूत सुविधाओं का अभाव
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नागौर

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Shyam Lal Choudhary

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Updated: 29 Jun 2026, 11:40 AM IST

नागौर के न्यू रीको में साफ-सफाई के नाम पर खानापूर्ति

नागौर के न्यू रीको में साफ-सफाई के नाम पर खानापूर्ति

नागौर. राज्य सरकार प्रदेश में निवेश बढ़ाने और नए उद्योग स्थापित करने के बड़े-बड़े दावे कर रही है, वहीं नागौर के बीकानेर रोड स्थित न्यू रीको औद्योगिक क्षेत्र की बदहाल तस्वीर इन दावों की हकीकत बयां कर रही है। यहां पिछले लम्बे समय से मूलभूत सुविधाओं का अभाव है। सड़कें जगह-जगह से उखड़ चुकी हैं, नाले कचरे और झाड़ियों से अटे पड़े हैं, पेयजल की समस्या बनी हुई है, लेकिन जिम्मेदार अधिकारी आंखें मूंदे बैठे हैं।

पत्रिका की ग्राउंड रिपोर्ट में सामने आया कि औद्योगिक क्षेत्र के अधिकांश नालों की लंबे समय से न तो सफाई हुई और न ही मरम्मत। हालांकि रीको की ओर से हर साल ठेका दिया जाता है, लेकिन अधिकारियों की कथित मिलीभगत के चलते ठेकेदार लीपापोती करके भुगतान उठा लेते हैं। इस बार भी ठेकेदार ने सफाई के नाम पर लीपापोती की है। बबूल की झाडि़यों को जड़ से उखाड़ना था, वहां ऊपर से आधी-अधूरी काटकर जेसीबी का बकेट घुमा दिया। इस दौरान नालों में रेत और कचरा भर गया और बबूल की झाडि़यां भी नहीं हट पाई। हालात यह हैं कि कई नाले टूट चुके हैं, जिससे बरसात के दौरान गंदा पानी सड़कों पर फैल जाता है और औद्योगिक इकाइयों के बाहर कीचड़ व दुर्गंध रहती है। मानसून की दस्तक के बावजूद रीको प्रशासन ने नालों की सफाई कराना जरूरी तक नहीं समझा।

सड़कें भी क्षतिग्रस्त, हादसे की आशंका

औद्योगिक क्षेत्र की सड़कों पर जगह-जगह बने गहरे गड्ढों के कारण भारी वाहनों की आवाजाही मुश्किल हो गई है। रीको मोड़ पर बना बड़ा गड्ढ़ा हादसे को न्यौता दे रहा है। उद्यमियों का कहना है कि हर साल रखरखाव, सफाई, पानी और अन्य सुविधाओं के नाम पर लाखों रुपए का राजस्व वसूला जाता है, लेकिन सुविधाओं के नाम पर कुछ भी नहीं मिलता।

इस संबंध में रीको के क्षेत्रीय प्रबंधक राजीव अग्रवाल से पक्ष जानने का प्रयास किया गया तो उन्होंने फोन रिसीव नहीं किया। ऐसे में बड़ा सवाल यही है कि जब उद्योगों से नियमित रूप से करोड़ों रुपए का राजस्व वसूला जा रहा है, तो आखिर सुविधाएं देने की जिम्मेदारी कौन निभाएगा?

जिला कलक्टर से सुधार की मांग

न्यू रीको क्षेत्र विकास समिति के अध्यक्ष हीरालाल भाटी ने गत दिनों जिला कलक्टर को ज्ञापन सौंपकर बताया कि क्षेत्र में करीब 300 से अधिक औद्योगिक इकाइयां संचालित हैं, जिनमें दाल मिल, जीरा प्रोसेसिंग प्लांट, कोल्ड स्टोरेज सहित कई उद्योग शामिल हैं। इसके बावजूद पर्याप्त पेयजल उपलब्ध नहीं है। बिजली की समस्या रहती है और वर्षों पहले लगाई गई अधिकांश रोड लाइटें बंद पड़ी हैं। इससे रात के समय चोरी और दुर्घटनाओं की आशंका रहती है। भाटी ने कलक्टर से औद्योगिक क्षेत्र में टूटी सड़कों के नवीनीकरण, नालों की सफाई, पेयजल एवं बिजली व्यवस्था सुधारने तथा रीको मोड़ पर स्पीड ब्रेकर और चेतावनी संकेतक लगाने की मांग की।