
खालिस्तान समर्थक सांसद अमृतपाल सिंह की सांसदी खतरे में आ गई है है। अमृतपाल के खिलाफ चुनाव लड़ने वाले विक्रमजीत सिंह ने उच्च न्यायालय में अमृतपाल सिंह को चुनौती दी है। अमृतपाल पर आरोप लगाया है कि खडूर साहिब से निर्वाचित अमृतपाल ने अपने नामांकन पत्र में कई अहम जानकारियां छिपाई हैं। इसके साथ ही चुनावी खर्च का पूरा ब्यौरा भी नहीं दिया है। चुनाव के दौरान बैठक, वाहन और चुनावी सामग्री प्रयोग के खर्च का भी ब्यौरा नहीं दिया है। अमृतपाल सिंह फिलहाल असम की जेल में बंद है।
खालिस्तानी अमृतपाल सिंह को चुनाव खर्च का पैसा कहां से आया। इसकी भी कोई जानकारी नहीं दी गई हैं। चुनाव प्रचार में धार्मिक स्थल को भी शामिल किया गया। इतना ही नहीं बिना इजाजत सोशल मीडिया पर भी उनका विज्ञापन चलाया गया। इस आधार पर उच्च न्यायालय से उनकी सांसदी रद्द करने की मांग की है। इस पर पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय जल्द ही सुनवाई करेगा।
वहीं दूसरी तरफ फरीदकोट सांसद सरबजीत सिंह खालसा ने नई पार्टी बनाने का एलान कर दिया है। उन्होंने कहा है कि वह जल्द ही खडूर साहिब के सांसद अमृतपाल सिंह के साथ मिलकर पार्टी बनाएंगे। अमृतपाल के जेल से बाहर आते ही पार्टी की घोषणा कर दी जाएगी। शिरोमणि अकाली दल के नेता और मंत्री भी संपर्क में हैं।
Updated on:
22 Jul 2024 03:17 pm
Published on:
22 Jul 2024 03:01 pm
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