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“बूथ से बैलेट तक”, कार्यकर्ता-आधारित रणनीति, एंटी-इन्कम्बैंसी और वोट स्विंग के भरोसे बंगाल फतह की तैयारी में भाजपा

भाजपा पश्चिम बंगाल चुनाव में बूथ मैनेजमेंट, कार्यकर्ताओं को टिकट और एंटी-इन्कम्बैंसी पर जोर दे रही है। टीएमसी को भ्रष्टाचार, बेरोजगारी और घुसपैठ मुद्दों पर घेरा जा रहा है। बदले समीकरण, वोट स्विंग और मजबूत नेटवर्क के सहारे पार्टी जीत की उम्मीद कर रही है।

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भारत

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Anurag Animesh

Mar 20, 2026

PM MODI, AMIT SHAH

PM MODI, AMIT SHAH(Image-ANI)

Bengal Assembly Elections 2026: (अभिषेक सिंघल) पश्चिम बंगाल चुनाव जीतने के लिए भाजपा अपनी पारंपरिक रणनीति पर आगे बढ़ रही है। घोषित टिकटों में बड़े और ग्लैमरस चेहरों के बजाय कार्यकर्ताओं को प्राथमिकता दी गई है। पार्टी का फोकस बूथ मैनेजमेंट पर है। पार्टी घुसपैठ, भ्रष्टाचार और बेरोजगारी जैसे मुद्दों पर तृणमूल कांग्रेस को घेर रही है।

एंटी इन्कम्बैंसी और टीना फैक्टर से उम्मीद


ममता बनर्जी के 15 साल के शासन के बाद एंटी इन्कम्बैंसी बड़ा फैक्टर माना जा रहा है। टीएमसी ने 74 टिकट बदलकर असंतोष भी झेला है। कांग्रेस और वाम दलों की कमजोर स्थिति (‘टीना’ यानी 'देयर इन नो आल्टरनेटिव' फैक्टर) के चलते भाजपा को नाराज मतदाताओं के समर्थन की उम्मीद है। 5,000 किमी की परिवर्तन यात्रा से भी यह मुद्दा उठाया गया।

66 हजार बूथों पर बुनी रणनीति

2021 में कमजोर बूथ प्रबंधन से सबक लेकर भाजपा ने 80 हजार में से 66 हजार बूथों पर नेटवर्क मजबूत किया है। 210 सीटें ए और 39 सीटें बी श्रेणी में रखी गई हैं। मतुआ बहुल 50 सीटों से विशेष उम्मीद है। पिछले चुनावों की हिंसा भाजपा के लिए चुनौती है। कार्यकर्ताओं में भय न रहे, इसके लिए विशेष रणनीति और सुरक्षा तैयारी की जा रही है।

कोलकाता का तोड़ अधिकारी

हुगली, कोलकाता, हावड़ा व 24 परगना क्षेत्र भाजपा के लिए चुनौती हैं, जहां 2021 में टीएमसी ने 98 सीटें जीती थीं। इस बार भवानीपुर में ममता बनर्जी के खिलाफ सुवेंदु अधिकारी को उतारकर बड़ा संदेश देने की कोशिश है। टीएमसी से निष्कासित हुमायूं कबीर की पार्टी 182 उम्मीदवार उतारेगी। भवानीपुर में भी उम्मीदवार उतारने की योजना है। एआइएमआइएम भी मैदान में होगी, जिससे वोट प्रतिशत में बदलाव संभव है।

Bengal Assembly Elections: ऐसे बढ़ा भाजपा का वोट


भाजपा का वोट शेयर 2011 में 4%, 2016 में 10.17%, 2019 में 40.25%, 2021 में करीब 38% और 2024 में करीब 39% रहा। इस बार पार्टी 6% स्विंग की उम्मीद में है। एसआइआर में 61 लाख वोट कटने से कई सीटों का गणित बदला है।

Bengal Election Date 2026: पश्चिम बंगाल में कब होंगे चुनाव

राज्य में विधानसभा चुनाव के तारीखों की बात करें तो विधानसभा चुनाव दो चरणों में होगा। बंगाल में 23 अप्रैल और 29 अप्रैल को मतदान होगा। इस चुनाव का परिणाम 04 मई 2025 को जारी किया जाएगा। देश के मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने कहा कि चुनाव को सरल और सुचारू रखने के लिए 2 ही चरण में चुनाव करवाया जा रहा है। पश्चिम बंगाल के अलावा असम, केरल, पुदुचेरी और तमिलनाडु में भी चुनाव होने हैं।